लखनऊ। रोबोटिक सर्जरी परंपरागत सर्जरी के मुकाबले ज्यादा सटीक और सुरक्षित है। रोबोटिक उपकरण 360 डिग्री घूम सकता है, जो एक सर्जन के हाथ के लिए संभव नहीं है। इसकी मदद से शरीर के उन संकरे हिस्सों तक आसानी से पहुंचा जा सकता है, जहां पारंपरिक सर्जरी में कठिनाई होती है। संजय गांधी पीजीआई में शुक्रवार को हुई रोबोकॉप्स कार्यशाला में विशेषज्ञों ने ये जानकारी दी।
तमिलनाडु से आए डॉक्टर विजई ने रोबोटिक उपकरणों की कार्यक्षमता का प्रदर्शन कर बताया कि ये उपकरण मानवीय हाथों की तुलना में अधिक सटीकता से काम करते हैं। सबसे बड़ा लाभ छोटा चीरा है, जिससे मरीज को दर्द कम होता है और वह जल्दी स्वस्थ होकर घर लौट सकता है। न्यूनतम रक्तस्राव के कारण जटिल ऑपरेशनों में सफलता की दर बढ़ जाती है। रोबोटिक कंसोल पर बैठकर सर्जरी करने से सर्जन को थकान भी कम होती है। इसमें मरीज के अंगों और नसों को कई गुना बड़ा और स्पष्ट देखने में मदद मिलती है, जिससे गलती की गुंजाइश कम हो जाती है। संस्थान के पीडियाट्रिक सर्जरी विभागाध्यक्ष प्रो. बसंत कुमार ने बताया कि फिलहाल यह तकनीक थोड़ी महंगी है, लेकिन आने वाले दिनों में यह और सस्ती होने का अनुमान है।

रोबोटिक्स कार्यशाला।

रोबोटिक्स कार्यशाला।