झांसी। पत्नी के मायके से न लौटने से नाराज स्क्रैप कारोबारी अंकन जोशी (24) ने जहर निगलकर जान दे दी। शुक्रवार सुबह परिजनों ने उसे अचेत हाल में मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया। कुछ देर में ही उसने दम तोड़ दिया। उसकी मौत से परिवार में रोना-पिटना मच गया। पुलिस ने उसकी जेब से एक सुसाइड नोट भी बरामद किया। उसने अपनी मौत के लिए पत्नी समेत उसके परिजनों को जिम्मेदार ठहराया है।
करेरा (शिवपुरी) निवासी अंकन कबाड़ की खरीद-फरोख्त करता था। पिछले साल 24 अप्रैल को डबरा निवासी प्रीति से उसकी शादी हुई थी। परिजनों ने पुलिस को बताया कि 21 फरवरी को प्रीति मायके जाना चाहती थी लेकिन, अंकन राजी नहीं था। इसको लेकर दंपती के बीच विवाद हुआ। नाराज होकर अंकन ने प्रीति को मायके छोड़ दिया। कई दिन मायके में रहने के बाद भी प्रीति वापस नहीं आ रही थी। अंकन के फोन करने पर भी वह नहीं आई। आखिरकार बृहस्पतिवार को अंकन के पिता राजू बहू प्रीति को मनाने मायके गए। ससुर के आने पर भी प्रीति ने लौटने से इन्कार कर दिया। वह अंकन के साथ ही लौटने पर अड़ गई। यह बात पिता ने अंकन को बता दी।
शुक्रवार सुबह अंकन का भाई जब उसके कमरे में पहुंचा, वहां वह बिस्तर पर अचेत पड़ा था। परिजन तुरंत उसे लेकर झांसी मेडिकल अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उसके जहर निगलने की पुष्टि की। कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। नवाबाद थाना प्रभारी रवि श्रीवास्तव के मुताबिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट करेरा पुलिस को भेजी जाएगी।
इनसेट
मेरी मौत के लिए पत्नी जिम्मेदार
अंकन की जेब से तलाशी के दौरान चार लाइन का सुसाइड नोट भी बरामद हुआ। डायरी के पन्ने को फाड़कर लिखे इस सुसाइड नोट में उसने अपनी मौत के लिए पत्नी, उसके माता-पिता, उसकी मामी समेत बहनों को जिम्मेदार बताया है। पुलिस ने इस सुसाइड नोट को कब्जे में लेकर इसकी भी जांच शुरू कर दी है।
