मुहम्मदाबाद। कायाकल्प टीम ने बुधवार को डकोर सीएचसी का निरीक्षण कर विभिन्न कायाकल्प बिंदुओं पर मूल्यांकन कर रिपोर्ट तैयार की। निरीक्षण के दौरान टीम ने सबसे पहले लेबर रूम का जायजा लिया। इसके बाद ड्रेसिंग रूम में व्याप्त अनियमितताओं को देखकर टीम ने नाराजगी जताई। ड्रेसिंग रूम में गुटखे की पीक पड़ी मिली, एक कर्मचारी यूनिफॉर्म के बजाय जींस पहनकर ड्यूटी करता पाया गया।
टीम का नेतृत्व कानपुर के मान्यवर कांशीराम चिकित्सालय की मैनेजर डॉ. नेहा तिवारी ने किया। टीम ने चिकित्सा अधीक्षक डॉ. इदरीश मोहम्मद को निर्देश दिए कि गुटखा खाने वाले कर्मचारियों पर 10 रुपये का जुर्माना लगाया जाए। उसी राशि से गुटखे की पीक व गंदगी की सफाई कराई जाए। टीबी विभाग के कक्ष में मकड़ी का जाला देखकर टीम ने वहां तैनात कर्मचारी नदीम खान पर नाराजगी जताई और साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए।
दवा स्टोर रूम में भी अनियमितताएं मिलीं, जहां कुछ दवाएं जमीन पर रखी पाई गईं। इस पर फार्मासिस्ट अनूप कुमार को दवा रखने के लिए काउंटर बनवाकर मानकों के अनुसार दवाओं के रखरखाव के निर्देश दिए गए। दूसरी मंजिल पर छत के लिंटर में दरार मिलने पर टीम ने नाराजगी जताते हुए तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश दिए। अस्पताल परिसर में गंदगी मिलने पर भी नाराजगी व्यक्त की गई। साथ ही परिसर में खड़ी खराब एंबुलेंस को हटवाकर उसके स्थान पर फुलबारी विकसित कराने के निर्देश दिए गए।
टीम ने अस्पताल में विभिन्न कक्षों की पहचान के लिए दिशा-सूचक संकेतक (साइनेज) लगवाने के भी निर्देश दिए, ताकि मरीजों व तीमारदारों को सुविधा मिल सके। निरीक्षण के दौरान टीम के साथ जनपदीय कायाकल्प परामर्शदाता डॉ. अरुण कुमार राजपूत, डॉ. राजकुमार, डॉ. जयवंती, डॉ. मानसी, अर्चना गुप्ता, इरशाद, रजनीश, शिवम, विकास आदि रहे।
