झांसी। मेडिक्लेम पॉलिसी होने के बाद भी महिला के इलाज पर खर्च की भरपाई न करने पर उपभोक्ता संरक्षण आयोग ने बीमा कंपनी पर शिकंजा कसा है। आयोग ने कंपनी को महिला के उपचार पर आए खर्च 1.64 लाख रुपये मय ब्याज के चुकाने का आदेश दिया है।

झांसी के सुनरयाना मोहल्ले के संदीप राठौर ने अपने अधिवक्ता गणेश खरे के माध्यम से सन 2018 में उपभोक्ता संरक्षण आयोग में परिवाद दायर किया था। बताया था कि उसकी मां सरिता देवी ने नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से मेडिक्लेम पॉलिसी ले रखी थी। किस्त भी समय से जा रही थी। इस बीच 2017 में उसकी मां सरिता देवी के पेट में दर्द हुआ। डॉ. राकेश शुक्ला के यहां उनका इलाज कराया गया। उन्होंने रीढ़ की हड्डी में खराबी बताई थी। स्वास्थ्य ज्यादा खराब होने पर उन्हें दिल्ली स्थित गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। इलाज पर करीब 1.75 लाख रुपये खर्च हुए थे। जब उसने नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से बीमा की राशि मांगी तो देने से इनकार कर दिया गया।

आयोग के अध्यक्ष अमरपाल सिंह व सदस्यगण देवेश अग्निहोत्री और ज्योति प्रभा जैन ने आदेश दिया कि बीमा कंपनी पीड़ित परिवादी संदीप को 1,64,197 रुपये अगस्त 2018 से भुगतान होने तक छह फीसदी ब्याज के साथ अदा करे। साथ ही मानसिक कष्ट के रूप में 3,000 रुपये और वाद व्यय के रूप में 2,000 रुपये का भुगतान करे।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *