
लखनऊ विश्वविद्यालय
{“_id”:”6924ccdd4228f1586409d3e3″,”slug”:”the-nalanda-tradition-has-a-spiritual-connection-with-tibet-lucknow-news-c-13-1-lko1028-1487306-2025-11-25″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”Lucknow News: नालंदा परंपरा का तिब्ब्त से रहा है आध्यात्मिक संबंध”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

लखनऊ विश्वविद्यालय
लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय के एपी सेन हॉल में सोमवार को राजनीति विज्ञान विभाग की ओर से ‘’तिब्बत अवेयरनेस टॉक: सिक्योरिटी एंड एनवायरनमेंट’’ विषय पर विशेष व्याख्यान हुआ। मुख्य वक्ता केंद्रीय तिब्बती प्रशासन के राष्ट्रपति पेनपा त्सेरिंग ने बताया कि नालंदा परंपरा से तिब्बत का आध्यात्मिक संबंध था। तिब्बती लिपि की उत्पत्ति भारत में हुई थी। उन्होंने तिब्बत की सामरिक स्थिति, पर्यावरणीय संकटों और एशियाई सुरक्षा ढांचे पर व्यापक चर्चा की। उन्होंने कला संकाय के डीन प्रो. अरविंद मोहन ने तिब्बत की ऐतिहासिक-राजनीतिक पृष्ठभूमि पर बात रखी। संस्कृति बोर्ड निदेशक प्रो. अंचल श्रीवास्तव ने तिब्बती संस्कृति संरक्षण पर विचार साझा किए। विभागाध्यक्ष प्रो. संजय गुप्ता ने तिब्बत की भूराजनीतिक चुनौतियों पर प्रकाश डाला। संयोजन डॉ. संजय शुक्ला ने किया।