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मौसम परिवर्तन के साथ बढ़ रही मच्छरजनित बीमारियां, बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या भी बढ़ी
संवाद न्यूज एजेंसी
उरई। जिले में डेंगू का डंक तेज हो गया है। अलग अलग स्थानों पर तीन डेंगू के मरीज निकले है। इसी के साथ डेंगू मरीजों की संख्या बढ़कर 33 हो गई है। जहां मरीज मिले है, वहां स्वास्थ्य विभाग की टीम ने निरोधात्मक कार्रवाई की है।
मौसम में परिवर्तन के साथ ही मच्छरजनित बीमारियां बढ़ रही है। कोंच क्षेत्र के बरहल गांव निवासी हरिमोहन (46) को 12 तारीख से बुखार आ रहा था। बुखार न उतरने पर उन्होंने निजी पैथोलॉजी में डेंगू की जांच कराई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसी तरह माधौगढ़ थाना क्षेत्र के भीमनगर निवासी प्रांजल (20) का बुखार न उतरने पर परिजन उसे झांसी मेडिकल कॉलेज ले गए। जहां जांच में उसकी डेंगू की रिपोर्ट पॉजिटिव आई रही।
इसके अलावा शहर के मोहल्ला राजेंद्रनगर निवासी कंचन (40) पत्नी राजकुमार को बुखार आ रहा था। बुखार न उतरने पर उन्होंने राजकीय मेडिकल कॉलेज में अपनी जांच कराई। जहां उनकी डेंगू की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। डेंगू मरीज मिलने की सूचना पर स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने संबंधित मरीजों के घरों में जाकर निरोधात्मक कार्रवाई की। उनके घर की जाकर डेंगू के लार्वा की जांच की। भरे बर्तनों को खाली कराया और साफ सफाई पर जोर दिया।
एसीएमओ व संचारी रोग के नोडल अधिकारी डॉ.वीरेंद्र सिंह ने बताया कि जहां भी डेंगू के केस निकले है। टीमों को भेजकर उनके घरवालों की जांच कराई गई। लार्वासाइड का छिड़काव कराया गया। साथ ही लोगों को साफ सफाई के लिए जागरूक किया गया।
जिला अस्पताल में वार्ड बना पर मरीज एक भी नहीं हुआ भर्ती
उरई। जिला अस्पताल में डेंगू का वार्ड तो बना दिया गया है लेकिन आज तक इस वार्ड में कोई भर्ती नहीं हुआ है। जितने भी मरीज आ रहे है, वे या तो उरई के मेडिकल कॉलेज पहुंच रहे है या फिर झांसी मेडिकल कॉलेज जाकर अपना इलाज करा रहे है। इसका कारण यह है कि जिला अस्पताल में केवल किट से जांच होती है। एलाइजा जांच नहीं होती है। एलाइजा जांच मेडिकल कॉलेज में होती है। वहां जांच कराने के बाद मेडिकल कॉलेज में ही मरीज भर्ती हो जाते है। (संवाद)
