डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के छलेसर कैंपस में बीफार्मा चतुर्थ सेमेस्टर के छात्र इन दिनों छात्रवृत्ति के लिए भटक रहे हैं। कैंपस प्रशासन और समाज कल्याण विभाग दोनों ही उन्हें एक-दूसरे के पास भेज कर मामले को टरका रहे हैं। ऐसे में अंत में छात्र सोमवार को कुलपति के समक्ष पहुंचे और अपनी बात रखी। छात्र गौतम ने बताया कि पूरे सत्र कक्षाओं में छात्र उपस्थित रहे, लेकिन पोर्टल पर उनकी अटेंडेंस शून्य दर्ज कर दी गई।
इसी वजह से उनकी छात्रवृत्ति अटकी पड़ी है। जब इस गड़बड़ी की शिकायत विभागाध्यक्ष डॉ. रवि शेखर शर्मा से की गई तो उन्होंने कहा कि अटेंडेंस ऑटोमेटिक जनरेट हुई है, समाज कल्याण विभाग में जाओ। जब छात्र समाज कल्याण विभाग पहुंचे तो वहां के अधिकारियों ने भी पल्ला झाड़ते हुए कह दिया कि डेटा कैंपस की तरफ से आया है, हम कुछ नहीं कर सकते।
सोमवार को छात्र नेता नितिन दुबे के नेतृत्व में छात्र विवि पहुंचे और कुलपति व कुलसचिव से वार्ता की। रिकॉर्डिंग सहित साक्ष्य छात्रों ने प्रस्तुत किए हैं और निवारण की मांग की है। मांग की है कि पोर्टल पर दर्ज गलत अटेंडेंस तुरंत सुधारी जाए और उन्हें जल्द से जल्द छात्रवृत्ति दिलाई जाए। छात्र नेता नितिन ने कहा कि अगर समस्या का निवारण नहीं हुआ तो हम आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। इस दौरान प्रदीप कुमार, प्रिंस कुमार प्रजापति, धात्री राजपूत, गौरव त्यागी, भूपेंद्र शरण सहित कई छात्र उपस्थित रहे। छात्रों ने लगाया धमकी का आरोप छात्रों का आरोप है कि एक छात्र की ओर से फेल कराने की धमकी दी जाती है। इस संबंध में छात्रों ने रिकॉर्डिंग सहित साक्ष्य भी प्रस्तुत किए हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की गतिविधि छात्र हित में नहीं है।
छात्र हित में फैसला
कुलसचिव अजय मिश्रा ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। देखा जा रहा है कि कमी किस तरफ से है। छात्र हित में ही फैसला होगा।
