अमरोहा मार्ग स्थित रेलवे फाटक पर भाजपा विधायक राजीव तरारा की कार से बाइक टकराने के बाद हुए हंगामे में पुलिस अधीक्षक ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले में लापरवाही मानते हुए कस्बा चौकी इंचार्ज जुगल किशोर, वरिष्ठ उप निरीक्षक सतीश मौर्य और लेपर्ड पर तैनात सिपाही अंकुश को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
उधर विधायक की ओर से हत्या के प्रयास और लूट की धाराओं में तहरीर थाने में दी गई है। घटना रविवार देर रात की बताई जा रही है। विधायक राजीव तरारा अमरोहा की ओर जा रहे थे। रेलवे फाटक के पास उनकी कार में पीछे से एक बाइक आकर टकरा गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर के बाद विधायक के सुरक्षाकर्मी वाहन से बाहर आए और बाइक सवार युवकों से विरोध जताया। इसी दौरान दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई। आरोप है कि सुरक्षाकर्मी के एक युवक को थप्पड़ मारने पर विवाद बढ़ गया और मौके पर हंगामा खड़ा हो गया।
विधायक का कहना है कि युवकों ने उनकी कार पर पीछे से पत्थर फेंके और ड्यूटी पर तैनात सिपाही की कार्बाइन छीनने की कोशिश की। घटना से कुछ देर के लिए रेलवे फाटक के पास अफरातफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया।
वरिष्ठ उप निरीक्षक सतीश मौर्य ने पत्थर फेंकने की बात से इनकार करते हुए कहा कि दोनों युवक शराब के नशे में थे और वहां हंगामा कर रहे थे। हालांकि विधायक ने अपने साथ हुई घटना को गंभीर बताते हुए हत्या के प्रयास और लूट की तहरीर थाने में दी है।
सीओ पंकज त्यागी ने बताया कि तहरीर प्राप्त हो गई है और उसके आधार पर मामले की जांच की जा रही है। घटना की गंभीरता और प्रारंभिक स्तर पर पुलिस की भूमिका को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने संबंधित पुलिसकर्मियों को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दिए हैं।
