बॉम्बिटेक्स क्रिप्टो एक्सचेंज एप के जरिए लोगों से ठगी करने वाले आरोपियों की संपत्तियों पर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। पुलिस ने बुधवार को उन्नाव जिले में करीब एक करोड़ रुपये कीमत की जमीन और 30 लाख रुपये की कार कुर्क की। अब तक इस मामले में कुल पांच करोड़ 11 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की जा चुकी है।
सीओ सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि नवीन चौक निवासी विराट राठौर की तहरीर पर बॉम्बिटेक्स व बीमैक्स रियलिटी के सीईओ जयप्रकाश मौर्य, उसकी पत्नी व कंपनी की डायरेक्टर आशा देवी, देवेंद्र मौर्य, दयाशंकर मौर्य, दीपिका मौर्य समेत अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
आरोपियों ने शेयर ट्रेडिंग और क्रिप्टो निवेश में अधिक मुनाफे का लालच देकर लोगों से करोड़ों रुपये निवेश कराए और करीब 50 करोड़ रुपये की ठगी कर ली। जांच के दौरान पुलिस टीम आरोपियों की अपराध से अर्जित संपत्तियों का पता लगा रही थी। इसी क्रम में बुधवार को उन्नाव जिले की हसनगंज तहसील के पिछवाड़ा गांव स्थित करीब एक करोड़ रुपये कीमत की जमीन कुर्क की गई। इसके अलावा 30 लाख रुपये कीमत की एक कार भी जब्त की गई है। पुलिस के मुताबिक इससे पहले करीब तीन करोड़ रुपये की संपत्ति सीतापुर में कुर्क की जा चुकी है और 51 लाख रुपये बैंक खातों में सीज किए गए हैं।
ऐसे देते थे ठगी को अंजाम
बॉम्बिटेक्स नाम की कंपनी अक्टूबर 2024 में रजिस्टर की गई थी और इसकी वेबसाइट भी बनाई गई थी। निवेशकों को बताया जाता था कि निवेश की गई रकम पर हर महीने 15 प्रतिशत तक रिटर्न मिलेगा। जनवरी 2025 में नई स्कीम लाकर कमीशन 15 से घटाकर 7.5 प्रतिशत कर दिया गया। बाद में बॉम्बिटेक्स को दो हिस्सों में बांटकर बॉम्बिटेक्स ट्रेडिंग एप और बॉम्बिटेक्स प्रो एप लॉन्च किए गए। निवेश करने वाले लोगों को यूजर आईडी और पासवर्ड दिए जाते थे, जिनसे लॉगिन करने पर वेबसाइट पर निवेश और मुनाफे के आंकड़े दिखाई देते थे। हालांकि यह सिर्फ वेबसाइट पर दिखने वाले आंकड़े थे। निवेशकों से जमा कराए गए रुपये हवाला के जरिए दुबई भेजकर वहां संपत्तियां खरीदी गईं।
ठगी से बचने के तरीके
क्रिप्टो में निवेश के लिए केवल फाइनेंशियल इंटेलीजेंस यूनिट से पंजीकृत प्लेटफॉर्म जैसे कॉइनडीसीएक्स, कॉइनस्विच, बाइनेंस आदि का ही उपयोग करें। कम समय में ज्यादा या गारंटीड मुनाफे का दावा करने वाली योजनाओं से सावधान रहें। निवेश से पहले कंपनी की शर्तें और नियम अच्छी तरह पढ़ें। अगर बार-बार नकद पैसा जमा कराने को कहा जाए तो सतर्क हो जाएं। निवेश से पहले कंपनी का सीआईएन नंबर लेकर उसकी सत्यता जरूर जांचें।
