आगरा के थाना न्यू आगरा क्षेत्र के एक आरोपी ने फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र के सहारे खुद को कागज पर मुर्दा साबित करा दिया। कोर्ट से अपने खिलाफ चल रहे वाद को बंद (उपशमित) करवा लिया। थाना हरीपर्वत पुलिस ने भी 2013 में आरोपी के पड़ोसियों से हस्ताक्षर कराकर मृत होने की आख्या दे दी। आरोपी 12 साल बाद वादी को अपनी उसी स्कूटर (स्कूटी) को सड़क पर दौड़ाते दिख गया, जिसे उसने मौत के बाद अपने नाम पंजीकृत कराया था।
