वित्त वर्ष 2025-26 की विदाई में अब महज कुछ ही दिन शेष हैं। ऐसे में सरकारी महकमों में बजट को ठिकाने लगाने की होड़ शुरू हो गई है। बुधवार को जिला कोषागार में दिन भर गहमागहमी रही, जहां एक ही दिन में 32.60 करोड़ रुपये के 487 बिलों का भुगतान हुआ। वहीं, शासन ने जिले के 22 विभागों के लिए 60.34 करोड़ रुपये भी जारी किए हैं।
कलेक्ट्रेट स्थित कोषागार में बुधवार को नजारा किसी मेले जैसा था। विभिन्न विभागों के आहरण-वितरण अधिकारी अपने-अपने बिल पास कराने के लिए कतारों में डटे रहे। गहन जांच के बाद बिलों को भुगतान के लिए हरी झंडी दी गई। मुख्य कोषाधिकारी रीता सचान के अनुसार, शासन ने आगरा के लिए कुल 60.34 करोड़ रुपये (साठ करोड़ चौंतीस लाख अठारह हजार चार सौ तिरपन रुपये) का बजट आवंटित किया है। इस भारी-भरकम राशि का 50 फीसदी से अधिक हिस्सा अकेले मेडिकल कॉलेज और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) जैसे महकमों के खाते में गया है।
प्रमुख विभागों को मिला बजट
– मेडिकल कॉलेज : 5,29,87,100 रुपये की भारी धनराशि।
– पीडब्ल्यूडी : बुनियादी ढांचे के लिए 2,45,26,000 रुपये।
– राजकीय चर्म संस्थान : 2,06,32,530 रुपये का आवंटन।
– अन्य विभाग : उद्योग विभाग को 84.12 लाख, उद्यान विभाग को 49.77 लाख और पुलिस विभाग को 24.08 लाख रुपये मिले हैं।
महावीर जयंती पर भी खुलेंगे बैंक और कोषागार
31 मार्च को वित्त वर्ष का अंतिम दिन है। इस दिन महावीर जयंती का सार्वजनिक अवकाश होने के बावजूद शासन ने कोषागारों और सरकारी लेनदेन वाले बैंकों को खुला रखने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने सभी विभागाध्यक्षों को सख्त निर्देश दिए हैं कि बजट लैप्स होने से पहले नियमानुसार उसका उपयोग सुनिश्चित करें।
समय सीमा भी तय
कोषागार ने तकनीकी दिक्कतों से बचने के लिए अंतिम दिन का शेड्यूल तय कर दिया है। मुख्य कोषाधिकारी ने बताया कि भीड़ को देखते हुए कोषागार में अतिरिक्त काउंटर खोले गए हैं, ताकि अंतिम मिनट तक भुगतान की प्रक्रिया निर्बाध रूप से चल सके।
– बिल प्रस्तुतीकरण: 31 मार्च दोपहर 3:00 बजे तक।
– ट्रांजैक्शन अप्रूवल: शाम 5:00 बजे तक अनिवार्य।
– ई-कुबेर पोर्टल: रात 10:00 बजे पोर्टल लॉक हो जाएगा।
