बोगस फर्में व फर्जी इनवास-ईवे बिल के जरिये 100 करोड़ की जीएसटी चोरी करने वाले गिरोह का एसटीएफ ने राजफाश किया है। दिल्ली के स्क्रैप कारोबारी व उसके तीन साथियों को एसटीएफ लखनऊ की टीम ने नोएडा से गिरफ्तार किया है। मामले में गाजियाबाद के कविनगर थाने में केस दर्ज है।
एसटीएफ के डीएसपी प्रमेश कुमार शुक्ला ने बताया कि केस के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम लगाई गई थी। सर्विलांस की मदद से दिल्ली निवासी स्क्रैप कारोबारी हरदीप सिंह उर्फ प्रिंस, जितेंद्र झा, पुनीत अग्रवाल और शिवम सिंह को गिरफ्तार किया गया है। हरदीप की कई वास्तविक फर्में भी हैं।
जिन कारोबारियों की वास्तविक फर्में हैं उनसे संपर्क कर बोगस फर्मों व फर्जी ई-बिल आदि के जरिये करोड़ों की जीएसटी की चोरी करता था। एवज में लाखों रुपये कारोबारियां से वसूलता था। इसमें उसने ये तीन साथी भी साथ देते थे। हरदीप अकाउंटेसी संबंधी भी कार्य करता है।
एक मोबाइल पर 30 आईडी लॉगिन मिलीं
एसटीएफ के मुताबिक, आरोपी लेनदेन संबंधी रकम की पूर्ति बोगस फर्मों से कैश के माध्यम या बोगस फर्मों से सर्कुलर ट्रेडिंग दिखाकर करते थे। बैंक ट्रांजेक्शन के लिए विभिन्न फर्मों के लॉगिन आईडी का एक्सेस आरोपियों के पास ही रहता था। जिससे वह आसानी से आईडी चलाकर फर्जीवाड़ा करते थे। आरोपी के एक मोबाइल पर 30 मेल आईडी लॉगिन मिलीं।
कई प्रदेशों में हैं बोगस फर्में
आरोपियों ने दिल्ली के अलावा यूपी, हरियाणा, पंजाब समेत अन्य कई राज्यों में बोगस फर्में बनाकर हेरफेर किया है। उसके गिरोह में पचास से अधिक लोग जुड़े हैं। मोबाइल नंबरों के आधार पर उनके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। कई और गिरफ्तारियां होंगी।
