यूपी के बजट भाषण में महिला सशक्तिकरण और किसानों के हित में बड़े आंकड़े पेश किए। कयास लगाए जा रहे हैं कि चुनाव से पहले सरकार का फोकस किसानों और महिलाओं पर अधिक है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में 39,880 बीसी सखी ने 39 हजार करोड़ रुपये से अधिक का लेन-देन किया। महिला सामर्थ्य योजना के तहत तीन जिलों में मिल्क प्रोड्यूसर कंपनियां शुरू हुईं।
सुमंगला योजना से 26.81 लाख बालिकाएं लाभान्वित हुईं। वहीं, किसानों को अब तक 3.04 लाख करोड़ रुपये गन्ना मूल्य भुगतान किया गया। गन्ना मूल्य में 30 रुपये प्रति कुंतल बढ़ोतरी से 3,000 करोड़ का अतिरिक्त लाभ मिलेगा। गेहूं, धान और बाजरा खरीद के जरिए भी हजारों करोड़ का भुगतान किया गया।
