
प्रतीकात्मक तस्वीर
– फोटो : पीटीआई
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मोमिन अंसार सभा के सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि सियासी पार्टियां पसमांदा मुसलमानों का वोट चाहती हैं, लेकिन लीडरशिप नहीं देना चाहतीं। इस दौरान पसमांदा मुसलमानों के लिये स्कूल, ऑडिटोरियम और बाहर से आने वालों के लिए गेस्ट हाउस का निर्माण कराने पर सहमति बनी। निकाय चुनाव में संगठन के जीते प्रत्याशियों को सम्मानित भी किया गया।
मौलवीगंज स्थित अल अंसार कॉम्प्लेक्स में हुए कार्यक्रम में मोमिन अंसार सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मो. अकरम अंसारी ने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव में सभी सियासी दल पसमांदा मुसलमानों का वोट तो चाहती हैं, लेकिन वो पसमांदा मुसलमानों को नेतृत्व नहीं देना चाहती। यही वजह है कि जमीनी नेताओं की जगह सियासी पार्टियां अपने मुखौटा नेताओं को आगे कर रही हैं।
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महामंत्री इकराम अंसारी ने कहा कि वोट का बेहतर इस्तेमाल करने वाली कौम का ही विकास होता है। संगठन के मोमिन राईन सभा प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष हारून राईन को निष्कासित और मुरादाबाद की कमेटी को भी भंग किया गया। इस मौके पर मुख्य रूप से डॉ. आसिफ कमाल, रहमत लखनवी सहित कई लोग मौजूद रहे।
