उत्तर प्रदेश में शीतकालीन अवकाश के बाद फिर से स्कूल खुल गए हैं। शुक्रवार सुबह घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के बीच बच्चे स्कूल पहुंचे और प्रार्थना सभा में शामिल हुए। इस दौरान कई स्कूलों में और रास्ते पर अलाव जलाने के इंतजाम किए गए थे। बच्चों को जहां पर मौका मिला वहां अपने हाथ सेंके। वहीं, करीब सवा 10 बजे के बाद हल्की धूप खिलने से लोगों ने थोड़ी राहत महसूस की।

स्कूलों में पहले की तरह शिक्षकों ने कक्षाएं ली और कड़ाके की ठंड के बीच स्कूल आने पर उनकी प्रशंसा की। वहीं, बच्चे भी अपने साथियों से मिलकर खुश नजर आए।

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सत्रीय परीक्षाएं और निपुण आकलन शुरू होगा

स्कूलों के फिर से खुलने के साथ ही दो महत्त्वपूर्ण गतिविधियां, सत्रीय परीक्षाएं और निपुण आकलन, शुरू होने वाली हैं। हालांकि, कई शिक्षक अभी भी एसआईआर प्रणाली में उलझे हुए हैं, जिससे स्कूलों के लिए एक साथ दोनों महत्वपूर्ण कार्यों को संपन्न कराना चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है। विद्यालयों का संचालन सुबह नौ बजे से तीन बजे तक होगा। ठंड के मौसम को ध्यान में रखते हुए, कुछ जिलों में अभी भी विद्यालय बंद रह सकते हैं।

प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतकालीन छुट्टियां थीं। इसके बाद 15 जनवरी को मकर संक्रांति का सार्वजनिक अवकाश था। इन छुट्टियों के बाद शुक्रवार से विद्यालय खोले जा रहे हैं। स्कूल खुलने के तुरंत बाद, 24 जनवरी से विद्यालयों में सत्रीय परीक्षाएं आयोजित की जाएंगी, जो 31 जनवरी तक चलेंगी। बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा परीक्षाओं के संचालन के लिए विस्तृत निर्देश जारी किए जा चुके हैं। यह राहत दी गई है कि परीक्षाएं दिसंबर तक पढ़ाए गए पाठ्यक्रम के आधार पर ही आयोजित की जाएंगी। इसके लिए विद्यालय स्तर पर प्रश्नपत्र तैयार किए जाएंगे।



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