उड़ीसा में इमली प्रसंस्करण इकाई का ठेका दिलाने के एवज में दस लाख की रिश्वत लेते वाटर एंड पावर कंसल्टेंसी सर्विसेज लिमिटेड (वापकोस) का प्रोजेक्ट मैनेजर और ठेकेदार समेत पांच आरोपी शनिवार को गिरफ्तार किए गए। सीबीआई की एंटी करप्शन ब्यूरो लखनऊ की टीम ने ये कार्रवाई की। आरोपियों लखनऊ, देवरिया, गाजीपुर और भुवनेश्वर स्थित नौ ठिकानों पर छापे भी मारे। रिश्वतखोरी के खेल में शामिल पांच और आरोपियाें की तलाश जारी है।
सीबीआई के मुताबिक मूलरूप से देवरिया निवासी (वर्तमान में लखनऊ में निवास) पंकज दुबे वापकोस में प्रोजेक्ट मैनेजर है। उड़ीसा में इमली प्रसंस्करण इकाई का 11.81 करोड़ रुपये का ठेका 13 जनवरी 2026 को इकाना इंटरप्राइज के प्रोपराइटर बबलू सिंह यादव को दिलाया। इसमें एवज में कई किश्तों में करोड़ों की रिश्वत वसूली जानी थी।
शनिवार को पंकज की तरफ से बिचौलिए राहुल वर्मा व बबलू की ओर बिचौलिए राजेश कुमार के जरिये दस लाख रुपये की रिश्वत की किश्त का लेनदेन किया गया। इसमें पंकज का ड्राइवर शुभम पाल भी शामिल रहा। इनपुट के आधार पर सीबीआई की टीम ने छापा मारकर इन पांचों आरोपियों को गिरफ्तार किया। दस लाख रुपये भी बरामद किए। सीबीआई ने आरोपियों के ठिकानों पर छापा मारा। लखनऊ में सुशांत गोल्फ सिटी व आशियाना में चार जगह छापे पड़े। इसके अलावा देवरिया में एक, गाजीपुर में दो और भुवनेश्वर में दो ठिकानों पर छापा मारकर सीबीआई सुबूत जुटाए।