रात में हुई हल्की बूंदाबांदी के बाद जिले में ठंड और गलन अचानक बढ़ गई। बारिश के कारण वातावरण में नमी बढ़ने से ठिठुरन ज्यादा महसूस की गई। बृहस्पतिवार को दिनभर आसमान में घने बादल छाए रहे, जिसके चलते लोगों को सूरज के दर्शन नहीं हो सके। धूप न निकलने से ठंड का असर और तेज हो गया और शीतलहर के चलते जनजीवन प्रभावित रहा।

जिले में बृहस्पतिवार दोपहर हल्की बूंदाबांदी हुई, इसके बाद देर रात फिर से बूंदाबांदी दर्ज की गई। इससे ठंड की धार और तेज हो गई। मौसम विभाग के अनुसार न्यूनतम तापमान में करीब दो डिग्री की गिरावट आई और सुबह के समय न्यूनतम पारा 6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। ठंडी हवाओं ने लोगों को कंपकंपाने पर मजबूर कर दिया।

सुबह के समय बाजारों और सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। लोग घरों से निकलने में हिचकिचाते नजर आए और केवल जरूरी कामों के लिए ही बाहर निकले। स्कूल जाने वाले बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को ठंड से सबसे अधिक परेशानी हुई। दोपहर में भी मौसम नहीं खुला और अधिकतम तापमान केवल 14 डिग्री सेल्सियस तक ही पहुंच सका।

शाम होते ही तापमान में तेजी से गिरावट आने लगी, जिससे ठंड और बढ़ गई। लोग जल्दी ही अपने घरों को लौट गए। ठंड से बचाव के लिए लोग दिनभर गर्म कपड़े, जैकेट, टोपी और मफलर पहने नजर आए। कई इलाकों में लोग अलाव जलाकर ठंड से राहत पाने की कोशिश करते दिखे। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि बादलों और नमी के कारण अगले कुछ दिनों तक ठंड और गलन बनी रह सकती है। इसलिए सावधानी बरतें।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अभी अभी की खबरें