हवाओं की बढ़ती रफ्तार और धूप कम निकलने से 48 घंटों में दिन का पारा 6.8 डिग्री लुढ़क गया है। गुरुवार शाम ठंडी हवाओं की रफ्तार बढ़ने सेे ठिठुरन भी बढ़ गई। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि शनिवार को पश्चिमी विक्षोभ आने के बाद अगर चक्रवाती हवाओं का घेरा बना तो बारिश होगी। 31 जनवरी से दो फरवरी के बीच स्थानीय स्तर पर हल्की बारिश, ओलावृष्टि की भी संभावना है।
गुरुवार को दिन भर बादल छाए रहे। 24 घंटे में दिन का अधिकतम पारा 3.9 डिग्री और रात का न्यूनतम पारा 2.6 डिग्री नीचे आ गया। करीब चार किमी प्रति घंटा की रफ्तार से बही दक्षिणी-पश्चिमी हवा ने ठंड में इजाफा कर दिया। शनिवार को एक और पश्चिमी विक्षोभ पहुंचेगा। इससे हिमालयीय क्षेत्र में तेज बारिश और बर्फबारी होगी, उसके बाद पश्चिमी हवाएं कानपुर परिक्षेत्र समेत गंगा के मैदानी इलाकों में कंपकंपी छुड़वाएंगी।
वरिष्ठ मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि कोहरे की पर्त ऊपर की ओर चली गई है। इससे धूप नरम पड़ गई है। बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से भी नम हवाएं आ रही हैं। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि आने वाले पांच दिनों तक बादल छाए रहेंगे। एक और दो फरवरी को तेज हवाएं चलेंगी। गरज के साथ ओलावृष्टि हो सकती है। स्थानीय स्तर पर हल्की बारिश और सुबह और रात को हल्का कोहरा रहने की संभावना है।
तापमान
अधिकतम-17.2 डिग्री सेल्सियस
न्यूनतम-11 डिग्री सेल्सियस
