
सड़क पर बना जलभराव
अमेठी सिटी। सप्ताह भर से बाट जोह लोगों को शनिवार दोपहर हुई तेज बारिश से राहत मिली। बारिश से खेत-खलिहान पानी से डूब गए। किसान धान की रोपाई के कार्य में लग गए हैं। उधर, नाले नालियां चोक होने से शहर में जलभराव व गंदा पानी सड़क तक आ गया। गलियों में पानी भरा रहा। मौसम विभाग के मुताबिक, अपराह्न 3.40 बजे तक 26.6 मिमी. बारिश रिकॉर्ड की है।
जिले में मानसून का सन्नाटा शुक्रवार की शाम टूटा था। शाम को तेज बरसात हुई। शनिवार सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे। दोपहर में जिले में तेज बारिश हुई। खेत-खलिहानों में पानी भरने से किसानों के चेहरे खिल गए। शनिवार बरसात जिले के गौरीगंज, अमेठी, मुसाफिरखाना, तिलोई सभी तहसील क्षेत्रों में हुई। अधिकतर कस्बों में नाले-नालियों की ढंग से सफाई नहीं होने से गंदा पानी सड़क पर भर गया। शहर से लेकर गांव तक की गलियां तक पानी में डूबी रहीं। तहसील परिसर में पानी भरने से वादकारियों व अन्य लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
जगह-जगह हुआ जलभराव
अमेठी। शनिवार की दोपहर अचानक मौसम बदला। तेज बारिश शुरू हो गई। तेज बारिश से खेतों में पानी भर गया। शहरी क्षेत्रों में जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से कार्यालय परिसर सहित मोहल्लों और सड़कों पर पानी भरा रहा। तहसील, थाना, ब्लॉक, जूनियर हाई स्कूल, पशु अस्पताल, सीएचसी, रामलीला मैदान, एसडीएम, सीओ आवास, एसडीएम कॉलोनी, गंगागंज, तोपखाना मोहल्ला, ककवा रोड पर जलभराव की समस्या दिखी। ककवा रोड पर बने फ्लाईओवर के दोनों ओर सर्विस रोड का निर्माण नहीं होने से परेशानी उठानी पड़ी।
जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से सड़कों पर गंदा पानी बहता रहा। राहगीरों को मजबूरन गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ा। किसान धान की रोपाई की तैयारी में जुटे दिखाई पड़े। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को अपराह्न 3.40 बजे तक कुल 26.6 मिमी. रिकॉर्ड की गई। अधिकतम तापमान 32.5 डिग्री सेल्सियस रहा। न्यूनतम तापमान 25.5 डिग्री सेल्सियस रहा। आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज के मौसम वैज्ञानिक डॉ. अमरनाथ मिश्रा ने बताया कि आगामी 24 घंटे में पूर्वी उत्तर प्रदेश में मध्यम से घने बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम वर्षा होने का अनुमान है।
