उत्तर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के असर से तराई और पश्चिमी क्षेत्रों में रविवार को मौसम ने करवट ली। मुजफ्फरनगर, मेरठ, बिजनौर, गाजियाबाद, नोएडा और लखनऊ समेत करीब 15 जिलों में तेज हवा के साथ हल्की बारिश हुई। इससे तापमान में गिरावट आई। अवध के जिलों में भी सुबह से ही बादल छा गए और बारिश शुरू हो गई। सीतापुर के झौवाखुर्द में बिजली गिरने से बरामदे में बैठीं विमला (55) की मौत हो गई। बहू बबली (30) गंभीर रूप से झुलस गईं।
रविवार को अंबेडकरनगर में पूरे दिन बादल घिरे रहे। बहराइच में तेज हवाओं के साथ बौछारें पड़ीं। बाराबंकी, बलरामपुर में बूंदाबांदी हुई। गोंडा में आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई। मुजफ्फरनगर में सर्वाधिक 8.2 मिमी बारिश हुई। तराई के कई अन्य जिलों में हल्की बूंदें गिरीं। बारिश और तेज हवाओं से कई जगह खड़ी फसलें झुक गईं।
ये भी पढ़ें – यूपी में एसआई भर्ती परीक्षा सम्पन्न, 10.77 लाख अभ्यर्थी हुए शामिल, सॉल्वर समेत चार गिरफ्तार
ये भी पढ़ें – कंबोडिया भेजकर साइबर गुलामी कराने वाला गिरफ्तार, आकर्षक वेतन वाली नौकरियां देने का देता था झांसा
दो दिनों तक बारिश, ओले गिरने की संभावना
मौसम विभाग ने सोमवार को प्रदेश के पूर्वी हिस्सों समेत लगभग 42 जिलों में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी और 17 जिलों में ओले गिरने की संभावना जताई है। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार, सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण हल्की बारिश का दौर शुरू हो गया है। अगले दो दिनों तक पूर्वी और पश्चिमी क्षेत्रों में बारिश की संभावना है और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। 19 मार्च से एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। इसका प्रदेश में व्यापक असर पड़ेगा।