संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Updated Sat, 10 Aug 2024 05:52 AM IST

कासगंज। श्रावण मास का चौथा सोमवार के निकट आते ही गंगा घाटों पर कांवड़ियों की संख्या बढ़ने लगी है। उनकी संख्या रविवार की रात तक लगातार बढ़ेगी। सोमवार को चार से पांच लाख कांवड़ियों के कांवड़ भरकर ले जाने का अनुमान है। इनमें महिला कावंड़िया भी शामिल हैं। भोले की भक्ति में लीन ये महिलाएं कांधे पर कांवड़ लेकर जा रही हैं। हर तरफ बम-बम भोले की जय-जयकार गूंज रही है। शुक्रवार को गंगा घाटों पर पहुंचने वाले कांवड़ियों ने नागपंचमी के चलते नाग पूजा भी की। लहरा और कछला गंगाघाट पर इस समय भोले की भक्ति का माहौल बना हुआ है। सुबह से ही गंगा घाटों पर कांवड़ियों की भीड़ जुटने का सिलसिला शुरू हो गया। कांवड़ियों के बड़े-बड़े जत्थे गंगाघाट पर पहुंचने लगे। कांवड़ियों ने तीर्थनगरी के बाजारों से कांवड़ें खरीदीं। कांवड़ों को सतरंगी रंग में सजाया। उसके पश्चात गंगास्नान कर कांवड़ों में गंगाजल भरा और पूजा-अर्चना करने के उपरांत कांवड़ें उठाईं और गंतव्य की ओर रवाना हुए। तीर्थनगरी सोरोंजी से लेकर लहरा गंगाघाट तक शिव की भक्ति का माहौल बना हुआ था। वहीं कछला गंगाघाट से बदायूं, बरेली की ओर एवं कासगंज की ओर कांवड़ियों के जत्थे कांवड़े भरकर ले जाते नजर आए। कांवड़ियों की टोलियों में महिलाओं की अच्छी खासी संख्या देखी गई। महिलाएं भी पुरुष कांवड़ियों की तर्ज पर दौड़ती हुई कांवड़ लेकर जा रही थीं। राजस्थान, मध्यप्रदेश इलाकों के तमाम कांवड़िये शुक्रवार को कांवड़ भरकर ले गए। शिव की भक्ति का माहौल चारों ओर बना हुआ है।
