Women gym trainers and tailors rule implemented in UP how right and how wrong Know what women say

महिलाएं
– फोटो : अमर उजाला

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जिम, दर्जी, सैलून की दुकानों पर महिलाओं के लिए महिला ही बेहतर हैं। इससे बेटियां और महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस करेंगी। प्रदेश महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता चौहान के सुझाव के बाद अब इन स्थानों पर महिला रखना अनिवार्य होगा। अमर उजाला ने इस संबंध में महिलाओं की राय जानी।

बैड टच पर लगेगा अंकुश

कमला नगर निवासी निधि अग्रवाल ने बताया कि बुटीक में महिलाओं का माप लेने के लिए महिलाएं होनी ही चाहिए, इससे अनावश्यक रूप से बेटियों खासकर छोटी बच्चियों के साथ होने वाले बैड टच पर अंकुश लगेगा। महिला टेलर, हेयर ड्रेसर और जिम ट्रेनर के रूप में महिलाओं को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे।

निर्णय है सराहनीय

बाग फरजाना निवासी पूजा बंसल का कहना है कि महिलाएं तो फिर भी समझदार होती हैं लेकिन इन स्थानों पर छोटी बच्चियों के साथ भी दुर्व्यवहार होने से इन्कार नहीं किया जा सकता है। टेलरिंग शॉप, सैलून और जिम में महिलाओं की अनिवार्य उपस्थिति सराहनीय निर्णय है।

पर्दा डालने की होती है कोशिश

निर्भय नगर निवासी सुधा अग्रवाल ने बताया कि शहरी क्षेत्रों में तो महिलाएं काफी सजग हैं, लेकिन देहात क्षेत्र में इस प्रकार की घटनाओं पर मां ही लोकलाज के भय से पर्दा डालने की कोशिश करती हैं। सरकार का यह निर्णय काबिल-ए-तारीफ है।

घटनाओं में कमी आएगी

खंदारी निवासी शालिनी अग्रवाल ने बताया कि सुरक्षा के लिहाज से यह एक सराहनीय निर्णय है। इससे महिलाएं, बेटियां और बच्चियों के साथ होने वाली घटनाओं में कमी आएगी। महिला रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और कार्यक्षेत्र में महिलाओं की भागेदारी बढ़ने से उनके आत्मविश्वास में बढ़ोतरी होगी।

 साबित होगा महत्वपूर्ण कदम

सुमन अग्रवाल का कहना है कि सुनने में भले ही अजीब लग रहा हो लेकिन कस्बों और गांवों में इस प्रकार की घटनाएं अक्सर सुनाई देती हैं। सरकार का यह कदम महिला सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

पुरुषों की मौजूदगी से असहजता

कर्मयोगी निवासी साक्षी गोयल का कहना है कि जिम में महिलाएं फिटनेस के लिए जाती हैं लेकिन कई बार बार पुरुषों की मौजूदगी उन्हें असहज बना देती है। ऐसे में महिला जिम ट्रेनर की मौजूदगी उन्हें सुरक्षा का अहसास दिलाएगी।

जिम जॉइन नहीं कर पातीं

 न्यू आगरा निवासी प्रिया बंसल ने बताया कि मैं काफी महिलाओं से जुड़ी हूं जो जिम में पुरुष ट्रेनर होने के कारण जिम जॉइन नहीं कर पातीं। वहीं महिला टेलर के नाप लेने से बच्चियां असहज महसूस नहीं करेंगी। यह एक अच्छा निर्णय है।



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