बरेली में अभिनेत्री दिशा पाटनी के घर पर फायरिंग के मामले में पुलिस की दो दिन की मेहनत पर पानी फिर गया। घटना वाले दिन सुबह राजस्थान के भरतपुर के नंबर से दिशा पाटनी की मां के पास आई अटपटी कॉल से सुराग जोड़ने की भूमिका बनाए बैठी बरेली पुलिस की एसओजी भरतपुर से बैरंग लौट आई। पुलिस के अनुसार कॉल एक सनकी युवक ने की थी। उधर, सुदर्शन पोर्टल के जरिये पुलिस ने 33 सोशल मीडिया अकाउंट खोजे हैं।
घटना वाले दिन सुबह करीब सात बजे जगदीश चंद्र पाटनी की पत्नी पदमा पाटनी के मोबाइल पर अनजान नंबर से कॉल आई थी। परिवार के मुताबिक उन्होंने कॉल रिसीव की तो दूसरी तरफ से बताया गया कि आपका पार्सल आया है। रात के अंतिम पहर हुई फायरिंग से सहमा परिवार सुबह के वक्त अचानक पार्सल आने की बात से घबरा गया। हालांकि जब इन लोगों ने मना किया गया कि हमने कोई पार्सल नहीं मंगाया है तो दूसरी ओर से कॉल काट दी गई।
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भरतपुर से लौटी पुलिस
कोतवाल अमित पांडेय के मुताबिक जगदीश चंद्र पाटनी ने जांच के दौरान पुलिस को यह बात बताई और वह नंबर नोट करा दिया जिससे कॉल आई थी। जांच में पता लगा कि नंबर राजस्थान के भरतपुर निवासी शख्स का है। इसी दिन राजस्थान के बदमाशों के गैंग ने हमले की जिम्मेदारी ले ली तो पुलिस को यकीन हो गया कि इस नंबर का इस्तेमाल कर रहे शख्स का घटना से जरूर कोई जुड़ाव है। नंबर चालू रहना अटपटा लगा, लेकिन एसओजी उसे सर्च कर भरतपुर पहुंच गई। वहां हकीकत पता लगी तो लौट आई।