काकादेव के नवीननगर में छात्रा मोनिका सिंह के सुसाइड नोट लिखकर खुदकुशी करने के मामले में परिजन हत्या का आरोप लगाया है। रविवार सुबह पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे उनके पिता रमेश चंद्र और मां सरोज ने बेटी को निडर बताया। उन्होंने कहा कि बेटी कभी खुदकुशी जैसा कायराना कदम नहीं उठा सकती है। बताया बेटी न तो बीमार थी न ही उसे कोई तनाव था। आरोप लगाया कि अगर सुसाइड नोट मिला तो पुलिस ने उसे क्यों छिपाया। परिजन ने बेटी के सहपाठी रहे युवक पर बेटी की हत्या का आरोप लगाया। फंदे पर लटके शव को खुद उतारने की बात बताने पर आक्रोशित परिजनों ने उसकी पिटाई भी कर दी।
इटावा के अजीतनगर फ्रेंड्स काॅलोनी निवासी एक बीमा कंपनी के ब्रांच मैनेजर रमेशचंद्र की बेटी मोनिका सिंह (25) बीते डेढ़ साल से काकादेव के नवीननगर स्थित पीजी में रहकर बैंक की तैयारी कर रही थी। परिवार में भाई रविकांत, पीयूषकांत और बड़ी बहन सोनाली हैं। उन्होंने बताया कि शनिवार शाम चार बजे पुलिस ने कॉल कर बेटी के आत्महत्या करने की जानकारी दी। इस पर वह लोग तुरंत कानपुर के लिए निकले और कुछ घंटों में पहुंच गए।
उन्होंने बताया कि दो दिन पहले बड़ी बेटी सोनाली अहमदाबाद में आईपीएल देखने गई थी। तब मोनिका की उससे वीडियो कॉल पर करीब डेढ़ घंटे तक बात हुई। 29 अप्रैल को उसकी एक जिगरी सहेली की शादी है वह उसको लेकर काफी उत्साहित थी। इसके चलते शुक्रवार को बेटी को नए कपड़े खरीदने और रूम रेंट के लिए 15 हजार रुपये दिए थे। उस दौरान भी उसने बीमारी या फिर किसी प्रकार के तनाव का कोई जिक्र नहीं किया। उन्होंने आरोप लगाया कि काकादेव पुलिस ने घोर लापरवाही बरती है।
