प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से कारोबार के विस्तार और नए स्टार्टअप्स की दौड़ में छोटे कारोबारियों की पहली पसंद किशोर और तरुण श्रेणी के ऋण बने हैं। चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के आंकड़ों के मुताबिक कुल स्वीकृत ₹699.79 करोड़ की राशि में से 87 प्रतिशत ₹608.50 करोड़ रुपये इन्हीं दो श्रेणियों के खातों में गया है। जिले के 56,073 लाभार्थियों को योजना के तहत वित्तीय मदद मिली है।
पीएम मुद्रा योजना में बैंकों के प्रदर्शन के आधार पर केनरा बैंक, इंडसइंड बैंक, आरबीएल और कोटक महिंद्रा बैंक शीर्ष पर रहे हैं। रिपोर्ट के अनुसार व्यापार को गति देने के लिए व्यवसायियों ने किशोर श्रेणी 50 हजार से 5 लाख रुपये पर सबसे ज्यादा भरोसा जताया। इस श्रेणी में 39,927 खातों के माध्यम से ₹375.95 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए। वहीं, बड़े स्तर पर कारोबार बढ़ाने के लिए तरुण श्रेणी में 5 लाख रुपये से अधिक ऋण के लिए 3,720 आवेदकों को ₹232.55 करोड़ रुपये जारी किए गए। शिशु श्रेणी में 50 हजार रुपये से कम राशि के 12,015 लाभार्थियों को ₹50.80 करोड़ रुपये और नई तरुण प्लस श्रेणी के 411 खातों में ₹40.49 करोड़ रुपये मंजूर हुए।
बैंकवार प्रगति देखें तो केनरा बैंक ने सर्वाधिक ₹173.27 करोड़ रुपये बांटकर पहला स्थान हासिल किया, जबकि आरबीएल बैंक 16,191 खाते खोलकर सबसे अधिक छोटे कारोबारियों को जोड़ने में सफल रहा। जबकि साउथ इंडियन बैंक, यूपी को-ऑपरेटिव बैंक और यूपीएसजीवी बैंक की झोली इस तिमाही में खाली रही। अग्रणी जिला प्रबंधक ऋषिकेश बनर्जी का कहना है कि मुद्रा योजना के तहत अधिक से अधिक लोगों को आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
मुद्रा योजना का रिपोर्ट कार्ड
बैंक का नाम शिशु (राशि लाख में) किशोर (राशि लाख में) तरुण (राशि लाख में) कुल खाते कुल राशि (लाख में)
केनरा बैंक 267.926, 942.0710, 045.204, 87417, 327.20
आरबीएल बैंक 692.2510, 002.762 94.8216, 19110, 989.83
इंडसइंड बैंक 1,920.594, 929.653 07.1110, 7237, 157.35
भारतीय स्टेट बैंक 154.231, 060.861, 576.612, 6204, 940.21
बैंक ऑफ बड़ौदा 13.568 19.202, 603.441, 4383, 923.37
