अलीगढ़ की थाना बन्ना देवी पुलिस ने शराबियों के खिलाफ चलाए जा रहे चेकिंग अभियान में एक संभ्रांत व्यापारी और संत प्रवृत्ति के व्यक्ति को अकारण ही हिरासत में ले लिया। पीड़ित ने जब खुद को कंठी-माला धारण करने वाला और शराब न पीने वाला व्यक्ति बताया, तो पुलिसकर्मियों ने संवेदनहीनता के साथ कह दिया पीना तो हम सिखा देंगे।
इतना ही नहीं, पुलिस ने पीड़ित की जेब में रखे पैसे भी छीन लिए और उनका फोटो व नाम शराबियों की सूची के साथ जारी कर दिया। इस सामाजिक अपमान से आहत होकर पीड़ित ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाते हुए दोषी पुलिसकर्मियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में 3.27 मिनट का एक वीडियो भी जारी किया है।
मूल रूप से अलीगढ़ के मानिक चौक के रहने वाले रवि कुमार वर्तमान में व्यापार के सिलसिले में अपने परिवार के साथ चंदौसी (संभल) में रहते हैं। पीड़ित रवि कुमार ने बताया कि वे 16 मई 2026 को अपने बेटे को जेईई एडवांस की परीक्षा दिलाने के लिए अलीगढ़ आए हुए थे।
अलीगढ़ आगमन पर उन्हें सूचना मिली कि उनके परिचित संत मित्र, जो अयोध्या धाम की प्रतिष्ठित मणिराम छावनी से हैं, और मथुरा के कुछ अन्य संत मित्र इस समय अलीगढ़ आए हुए हैं। रवि कुमार संतों के दर्शन और आशीर्वाद लेने के लिए बन्ना देवी स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर की ओर जा रहे थे।
