अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: Akash Dwivedi

Updated Sat, 22 Aug 2026 11:30 AM IST

यूपी के राजनीतिक गलियारे और प्रशासन में तमाम ऐसे किस्से हैं, जो हैं तो उनके अंदरखाने के… लेकिन, चाहे-अनचाहे बाहर आ ही जाते हैं। ऐसे किस्सों को आप अमर उजाला के “सुना है क्या” सीरीज में पढ़ सकते हैं। तो आइए पढ़ते हैं इस बार क्या है खास…


Have you heard? The 'Sahab' is busier than the 'Honourable' one; people are looking to take him on; tales of '

सुना है क्या/suna hai kya
– फोटो : अमर उजाला



विस्तार

यूपी के राजनीतिक गलियारे और प्रशासनिक गलियों में आज तीन किस्से काफी चर्चा में रहे। चाहे-अनचाहे आखिर ये बाहर आ ही जाते हैं। इन्हें रोकने की हर कोशिश नाकाम होती है। आज की कड़ी में ‘माननीय से ज्यादा व्यस्त साहब’ की कहानी। इसके अलावा ‘साहब, मोर्चा लेने के लिए तलाश रहे लोग’ और ‘खुद की जड़ हिल गई’ के किस्से भी चर्चा में रहे। आगे पढ़ें, नई कानाफूसी…



 



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अभी अभी की खबरें