उरई जिले में अवैध मिट्टी और मौरंग खनन के साथ ओवरलोडिंग के खिलाफ प्रशासन ने शुक्रवार रात कार्रवाई की। अलग-अलग स्थानों पर चलाए गए अभियान में 13 वाहनों को पकड़कर सीज किया गया। इनमें अवैध मिट्टी खनन में लगे पांच ट्रैक्टर और एक जेसीबी के अलावा मौरंग व गिट्टी से लदे सात ओवरलोड ट्रक शामिल हैं।
जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। प्रशासन की सख्ती से खनन माफियाओं और ओवरलोड वाहन संचालकों में हड़कंप मचा रहा। नवनियुक्त ज्वाइंट मजिस्ट्रेट जालौन रिंकू सिंह को शुक्रवार रात प्रतापपुरा क्षेत्र में अवैध मिट्टी खनन की सूचना मिली थी। सूचना पर उन्होंने तत्काल मौके पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान अवैध खनन में लगे पांच ट्रैक्टर और एक जेसीबी पकड़ी गई। सभी वाहनों को नियमानुसार कार्रवाई करते हुए कोतवाली जालौन में निरुद्ध कराया गया।
इस दौरान सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन राजेश कुमार, खनिज विभाग के उमेश कुमार और पुलिस टीम मौजूद रही। उधर, कालपी क्षेत्र में एसडीएम मनोज कुमार सिंह और सीओ अवधेश कुमार सिंह के नेतृत्व में ओवरलोड वाहनों के खिलाफ सघन अभियान चलाया गया। रात से सुबह तक चले चेकिंग अभियान में मौरंग से लदे छह ओवरलोड ट्रक और गिट्टी से लदा एक ट्रक पकड़ा गया। सभी वाहनों को विभिन्न थानों में निरुद्ध कराया गया है।
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन राजेश कुमार ने बताया कि कार्रवाई से परिवहन विभाग को करीब नौ लाख रुपये से अधिक प्रशमन शुल्क मिलने का अनुमान है। वहीं, खनिज विभाग के अनुसार करीब 10 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त होगा। इसके अलावा वाणिज्य कर विभाग को भी राजस्व मिलेगा।
