Muzaffarnagar में पुलिस अधीक्षक नगर Amrit Jain द्वारा थाना खालापार का वार्षिक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान थाना परिसर की विभिन्न व्यवस्थाओं, अभिलेखों, सुरक्षा संसाधनों और महिला सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों की विस्तार से समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
निरीक्षण का उद्देश्य थाना स्तर पर कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाना और अपराध नियंत्रण से जुड़े अभियानों को गति देना बताया गया।
मिशन शक्ति केंद्र और महिला हेल्प डेस्क की कार्यप्रणाली का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान मिशन शक्ति केंद्र और महिला हेल्प डेस्क की व्यवस्था को विशेष रूप से परखा गया। यहां आने वाली महिलाओं की शिकायतों के पंजीकरण, कार्रवाई और समाधान की प्रक्रिया की समीक्षा की गई।
महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि पीड़ितों को समय पर सहायता मिल सके।
थाना कार्यालय से लेकर मालखाना तक व्यवस्थाओं की विस्तृत जांच
थाना कार्यालय, मालखाना, बंदी गृह, संतरी पहरा, कंप्यूटर कक्ष, विवेचक कक्ष, साइबर हेल्प डेस्क, शौचालय, स्नानघर और मेस सहित अन्य सुविधाओं का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान शस्त्रों के रखरखाव, अभिलेखों की स्थिति और स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता की समीक्षा की गई।
अग्निशमन यंत्रों की स्थिति का भी परीक्षण करते हुए सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
अपराध रजिस्टर और टॉप-10 अपराधियों की सूची का किया अवलोकन
निरीक्षण के दौरान त्यौहार रजिस्टर, चुनाव रजिस्टर, भूमि विवाद रजिस्टर और अपराध रजिस्टर का परीक्षण किया गया। इसके साथ ही टॉप-10 अपराधियों की सूची का अवलोकन करते हुए अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए गए।
नए सिरे से सक्रिय अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।
गैंगस्टर एक्ट और माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई तेज करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान गैंगस्टर अधिनियम के अंतर्गत दर्ज मामलों में धारा 14(1) के तहत संपत्ति जब्ती की कार्रवाई को प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही खनन, शराब, अवैध मादक पदार्थ तस्करी, पशु तस्करी, वन अपराध और भूमाफिया गतिविधियों में शामिल व्यक्तियों के विरुद्ध अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।
हिस्ट्रीशीटर अपराधियों की नियमित निगरानी और फ्लाई शीट प्रविष्टियों को अद्यतन रखने के निर्देश भी दिए गए।
प्रशिक्षु आरक्षियों के साथ गोष्ठी में साझा किए पुलिसिंग के व्यावहारिक पहलू
निरीक्षण के उपरांत थाना परिसर में व्यवहारिक प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षु आरक्षियों के साथ एक गोष्ठी आयोजित की गई। इस दौरान उन्हें पुलिसिंग के व्यावहारिक पक्ष, कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी और अपराध नियंत्रण की रणनीतियों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।
जनसंपर्क मजबूत रखने और संवेदनशील मामलों के प्रभावी निस्तारण के महत्व पर भी विशेष जोर दिया गया।
जनता से विनम्र व्यवहार और सतर्कता बनाए रखने पर दिया जोर
पुलिस अधीक्षक नगर ने प्रशिक्षु आरक्षियों को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिसकर्मियों का व्यवहार ही पुलिस की छवि को निर्धारित करता है। इसलिए आमजन के साथ सहयोगात्मक और सम्मानजनक व्यवहार बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने आपातकालीन सेवाओं के प्रति तत्परता, तकनीकी संसाधनों के उपयोग और उच्चाधिकारियों के निर्देशों के पालन पर भी विशेष बल दिया।
कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी के साथ सेवा करने की दी प्रेरणा
गोष्ठी के दौरान प्रशिक्षु आरक्षियों को अनुशासन, सतर्कता और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित किया गया। उन्हें बताया गया कि प्रभावी पुलिसिंग के लिए टीमवर्क और जिम्मेदारीपूर्ण कार्यशैली अत्यंत आवश्यक होती है।
कार्यक्रम के दौरान थाना प्रभारी खालापार बबलू कुमार सहित अन्य पुलिस अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
थाना खालापार के वार्षिक निरीक्षण के दौरान दिए गए दिशा-निर्देशों को स्थानीय पुलिस व्यवस्था को अधिक सक्रिय, जवाबदेह और जनहितकारी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे अपराध नियंत्रण और महिला सुरक्षा से जुड़े अभियानों को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
