बदायूं के उझानी इलाके में कछला घाट पर गंगा दशहरा के स्नान के दौरान सोमवार को आस्था की डुबकी लगाते समय किशोरी और युवकों समेत 25 श्रद्धालु बह गए। अलग- अलग स्थानों पर हादसे होने के बाद चीख-पुकार मची तो गोताखोरों ने 23 श्रद्धालुओं को खोज निकाला, लेकिन इनमें किशोर समेत तीन की मौत हो गई। एक किशोरी लापता है। पीएसी व निजी गोताखोर उसकी तलाश में जुटे हुए हैं। उधर, उसहैत थाना क्षेत्र के अटैना घाट पर गंगा में डूबने से मैनपुरी व फर्रुखाबाद के दो युवकों की मौत हो गई।
कछला गंगा घाट पर पहला हादसा सोमवार सुबह करीब नौ बजे रेलवे पुल से करीब आधा किलोमीटर दूर ढकनगला की ओर हुआ। हाथरस जिले में हसायन थाना क्षेत्र के गांव कानऊ निवासी ओमवीर के परिवार के लोग रिश्तेदारों के साथ गंगा नहाने के लिए उस ओर बढ़ गए। डुबकी लगाते समय ओमवीर का 15 वर्षीय बेटा नीलेश और उसकी ममेरी बहन पड़ोसी गांव पिछैती निवासी शिखा (12) पुत्री नेत्रपाल गहरे पानी में चली गई।
किशोरी की तलाश जारी
परिवार के लोगों में विकास, छाया और कौशल उन्हें पकड़ने के आगे बढ़े तो वह भी छटपटाने लगे। विकास, कौशल और छाया तो बच गए, लेकिन नीलेश और शिखा बह गई। गोताखोरों ने करीब एक घंटे के मशक्कत के बाद नीलेश का शव खोज निकाला। शिखा की तलाश की जा रही है।
राजकुमार का शव बरामद
कछला पुल के पास ही गंगा स्नान करते समय सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के गांव सिरसा दबरई निवासी राजकुमार (18 वर्ष) पुत्र नेकराम और उसका दोस्त सूरज (25 वर्ष) पुत्र दानवीर बह गए। सूरज को पुलिसकर्मियों ने बाहर निकाल लिया, लेकिन राजकुमार की मौत हो गई। देर शाम उसका शव बरामद हो सका।
