वैसे तो महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) सौ दिनों के रोजगार की गारंटी है। लेकिन जिले में 1559 मजदूरों को ही सौ दिन काम मिल पाया। यह संख्या कुल 113795 सक्रिय जाॅब कार्डधारकों की तुलना में सिर्फ दो फीसदी है। जबकि 11570 मजदूरों के कार्य दिवस 81 से 99 दिनों के बीच रहा।
हालांकि विभाग का दावा है कि सृजित मानव दिवस के लक्ष्य से अधिक कार्य दिए गए। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक जिले में एक्टिव जाॅब कार्डधारकों की संख्या करीब 113795 है। कुंदरकी ब्लाॅक क्षेत्र में सबसे अधिक 18393 और मुरादाबाद ब्लाॅक में सबसे कम 5992 जाॅब कार्डधारक हैं।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिले के गांवों में विकास के लिए विभिन्न कार्य चिह्नित किए गए। इसमें नाली निर्माण, सड़क निर्माण, चकरोड, तालाब की खोदाई, मिट्टी भराई, खड़ंजा आदि शामिल रहे। इन कार्यों में मजदूरी के लिए मनरेगा मजदूरों को शामिल किया गया।
जिले में 1559 जाॅब कार्डधारक ऐसे रहे हैं जिन्हें साै दिन रोजगार मिला। इसमें सर्वाधिक 431 मजदूर कुंदरकी ब्लाॅक क्षेत्र के रहे। जबकि छजलैट ब्लाॅक में सबसे कम 32 मजदूरों को साै दिन कार्य मिला।
कुल जाॅब कार्डधारकों की संख्या की तुलना में सिर्फ दो फीसदी मजदूरों को ही साै दिन कार्य करने का माैका मिला है। वहीं जिले में 11570 जाॅब कार्डधारक ऐसे पाए गए जिनके कार्य दिवसों की संख्या 81 से 99 दिन रहे।
