सावन मास के अवसर पर शहर के प्राचीन शिवालयों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। गोकुलपुरा के अशोक नगर स्थित प्राचीन धनकामेश्वर नाथ मंदिर भी आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, जहां सुबह से देर शाम तक भगवान शिव के जलाभिषेक और रुद्राभिषेक का क्रम जारी है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालु भगवान शिव से सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना कर रहे हैं।
मंदिर के पुजारी हरिदास ने बताया कि प्राचीन मान्यता के अनुसार इस स्थान पर स्थापित शिवलिंग के समीप कभी धन प्राप्त हुआ था। इसी घटना के कारण इस मंदिर का नाम धनकामेश्वर नाथ मंदिर पड़ गया। तभी से यह मंदिर श्रद्धालुओं के बीच विशेष आस्था का केंद्र बना हुआ है। मान्यता है कि यहां सच्चे मन से भगवान शिव की पूजा-अर्चना करने पर धन-संपन्नता, सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।
सावन के दौरान मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। श्रद्धालु बेलपत्र, धतूरा, दूध, दही, शहद और गंगाजल से भगवान शिव का अभिषेक कर रहे हैं। मंदिर परिसर में हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना हुआ है। स्थानीय श्रद्धालुओं का कहना है कि धनकामेश्वर नाथ मंदिर की प्राचीन महिमा आज भी लोगों की अटूट आस्था का केंद्र बनी हुई है।
ऐसे पहुंचे मंदिर तक : गोकुलपुरा स्थित अशोक नगर में प्राचीन धनकामेश्वर नाथ मंदिर
