आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज के सर्जरी विभाग ने बच्ची की सर्जरी कर कांख से एक किलो की गांठ निकाली है। आईसीयू में भर्ती रहने के बाद मरीज को अब डिस्चार्ज कर दिया गया है।
बाल सर्जन डॉ. राजेश गुप्ता ने बताया कि आठ साल की बच्ची के बगल और सीने के बीच में गांठ थी। इससे ये हिस्सा बढ़ता जा रहा था। इसे मायोफाइब्रोमा बोलते हैं। जांच कराने के बाद तीन घंटे तक ऑपरेशन कर गांठ को बाहर निकाला गया। इससे बच्ची की जान बच गई। इसमें कैंसर सर्जन डॉ. वरुण अग्रवाल भी रहे।
इसके अलावा 10 साल के बच्चे के किडनी में भी गांठ थी, इसकी भी जटिल सर्जरी कर गांठ निकाली गई है। इसमें भी करीब तीन घंटे तक का समय लगा। दोनों ऑपरेशन में निजी अस्पताल में 4-5 लाख रुपये का खर्चा आता, एसएन में निशुल्क हुई है।
