प्रदेश प्रभारी से महीनों चली खींचतान की कीमत उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष को अपनी कुर्सी गंवाकर चुकानी पड़ी, और इसी बहाने पार्टी ने अपने पुराने सामाजिक समीकरण की ओर लौटने का बड़ा दांव भी चल दिया। विधानसभा चुनाव से करीब पांच महीने पहले कांग्रेस आलाकमान ने अजय राय को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाकर रामपुर खास से विधायक आराधना मिश्रा मोना को कमान सौंप दी है।




प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम से टकराव में हुई राय की इस विदाई के साथ ही सहारनपुर से सांसद इमरान मसूद को कार्यकारी अध्यक्ष और देवेंद्र निषाद व आलोक प्रसाद को उपाध्यक्ष बनाया गया है। पूरब से ब्राह्मण और महिला चेहरा मोना, पश्चिम से मुस्लिम चेहरा मसूद, दलित प्रभारी गौतम और उपाध्यक्षों के जरिए पिछड़ों को जगह देकर कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि सपा से सीट बंटवारे की बातचीत और 2027 की लड़ाई वह अस्सी और नब्बे के दशक वाले ब्राह्मण-दलित-मुस्लिम-पिछड़ा समीकरण के सहारे लड़ना चाहती है। नई टीम तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *