खाद्य राज्यमंत्री सतीश चंद्र शर्मा ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के प्रावधानों के तहत हो रहे कामों की शुक्रवार को समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि घरेलू एलपीजी गैस उपभोक्ताओं को बुकिंग के आधार पर रिफिल उपलब्ध कराई जा रही है। सभी जिलों में घरेलू एलपीजी गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। डीजल व पेट्रोल का भी पर्याप्त स्टॉक है।
प्रदेश के उचित दर दुकानों में लगी ई-वेईंग स्केल से लिंक्ड ई-पॉस मशीनों की व्यवस्था से राशनकार्ड धारकों को पारदर्शी ढंग से खाद्यान्न मिल रहा है। फील्ड स्तर पर मोबाइल इंस्पेक्शन एप से इस पर निगरानी भी रखी जा रही है। प्रदेश में इस कार्य की औसत प्रगति 71.31 प्रतिशत पाई गई है। बैठक में निर्देश दिए गए कि 60 प्रतिशत से कम प्रगति करने वाले सभी जिलों की कार्यप्रणाली में सुधार किया जाए।
प्रदेश में अब तक 13.52 करोड़ (लगभग 93.34 प्रतिशत) लाभार्थियों की ई-केवाईसी पूरी हो चुकी है। अब तक 190704 किसानों से 9.75 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीद हो चुकी है। जो गतवर्ष इस अवधि में खरीदे गए गेहूं से 56 हजार मीट्रिक टन अधिक है। बैठक में प्रमुख सचिव खाद्य रणवीर प्रसाद, अपर आयुक्त (प्रशासन) कामता प्रसाद सिंह आदि मौजूद रहे।
