समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि आखिरकार सुरंगजीवियों को बाहर आना ही पड़ा क्योंकि अब अपयश का पानी सुरंग में गले तक भर गया है। फिर भी 140 करोड़ देशवासी और दुनियाभर के चंदा-दान देने वाले सनातनी पूछ रहे हैं कि हर काम में आगे रहने वाले, इस घोर-गंभीर मसले पर खुद सामने क्यों नहीं आए, अपने से पीछे वाले को आगे क्यों कर दिया, क्या इसमें भी ये सोचकर साजिश की गई है कि ‘महापाप’ के दोष और जनाक्रोश से खुद को बचा लो और दूसरे को फंसाकर उससे सफाई दिलवा दो। षड्यंत्रजीवी तो आपस में भी एक-दूसरे की मुखबिरी कर रहे हैं। बंटवारे की लड़ाई सारे राज खोल देगी।
शनिवार को अखिलेश ने कहा कि जो शातिर सेंध लगाकर, बोरी भरकर सुरंग के रास्ते बहुत दूर निकल गये हैं, वो ‘असली पापी’ याद रखें, जहां भूमिगत मार्ग खत्म होगा, उस अगले छोर पर ‘सत्य’ उनके पापों की सजा देने के लिए प्रतीक्षा कर रहा है। इन्हें न अयोध्या क्षमा करेगा, न देश, न वो परम प्रभु, जिसके खजाने को इन्होंने बेरहमी, बेदर्दी और बेशर्मी से लूटा है।इससे पहले उन्होंने पार्टी के राज्य मुख्यालय में मुंबई में रहने वाले उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के लोगों ने मुलाकात की।
प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी का तन-मन-धन से समर्थन करने का भरोसा दिया। बैठक का आयोजन समाजवादी सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष काशीनाथ यादव ने किया, जिसमें महाराष्ट्र सपा अध्यक्ष अबू आसिम आजमी भी मौजूद रहे। शनिवार को ही सपा प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल के सामने राष्ट्रीय क्रान्ति पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्री लेखराज लोधी सहित बड़ी संख्या में लोधी समाज के प्रमुख नेताओं ने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली।
