आधी रात खुले राजेश्वर महादेव के पट, दर्शन को उमड़े भक्त
राजेश्वर महादेव मंदिर के पट रात 12:05 बजे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। इसके बाद से ही भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। सुबह होते-होते मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती चली गई।
बल्केश्वर से पृथ्वीनाथ तक शिवालयों में लंबी कतारें
सावन के पहले सोमवार पर बल्केश्वर, रावली, कैलाश, मन:कामेश्वर और पृथ्वीनाथ मंदिर में भी श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। सुबह से ही लोग हाथों में पूजा की थाली और जल लेकर मंदिर पहुंचे। हर तरफ हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष गूंजते रहे।
जलाभिषेक के लिए सुबह से लगी भक्तों की कतार
भगवान शिव का जलाभिषेक करने के लिए श्रद्धालु सुबह से ही मंदिरों में पहुंचने लगे। भक्तों ने बेलपत्र, फूल, दूध और जल अर्पित कर पूजा-अर्चना की। कई मंदिरों में श्रद्धालुओं को कतारबद्ध होकर दर्शन के लिए अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा।
मंदिरों के बाहर सजा भक्ति का बाजार
पहले सोमवार को शिव मंदिरों के आसपास मेले जैसा नजारा दिखाई दिया। मंदिरों के बाहर फूल, बेलपत्र, प्रसाद और पूजा सामग्री की दुकानें सज गईं। श्रद्धालुओं ने दर्शन से पहले और बाद में पूजा सामग्री की जमकर खरीदारी की।




