यूपी के अमेठी में टांडा-बांदा हाईवे पर हुए सड़क हादसे ने दो गांवों की खुशियां पलभर में छीन लीं। वरीक्षा कार्यक्रम में शामिल होने निकले तीन दोस्त घर वापस नहीं लौट सके। हादसे में रिश्ते में चाचा-भतीजा अंकित और अर्जुन के साथ उनके दोस्त करन की मौत के बाद शुक्रवार को दोनों गांवों में मातम पसरा रहा। एक साथ उठीं तीन अर्थियों ने हर किसी की आंखें नम कर दीं।
सुल्तानपुर के अंकारीपुर घसीटू का पुरवा गांव में सुबह से ही लोगों की भीड़ जुटने लगी थी। अंकित और अर्जुन के शव गांव पहुंचते ही परिजनों में चीख-पुकार मच गई। मां और बहनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा। परिवार के लोग बार-बार यही कहते रहे कि कुछ घंटे पहले हंसते-बोलते घर से निकले दोनों युवक अब कभी वापस नहीं लौटेंगे। गांव के बुजुर्ग और महिलाएं परिजनों को ढांढस बंधाने में जुटे रहे, लेकिन पूरे गांव में गमगीन माहौल बना रहा।
