आगरा। पिछले 11 दिनों में पेट्रोल, डीजल और सीएनजी के दामों में हुई भारी वृद्धि और नीट पेपर लीक के विरोध में बुधवार को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने एमजी रोड प्रदर्शन किया। सांईं की तकिया चौराहे से कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च निकाला और ज्ञापन कलेक्ट्रेट में एसीएम नीलम तिवारी को सौंपा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने केंद्र और राज्य सरकारों से पेट्रोल डीजल पर वैट व सेस घटाकर बढ़ी कीमतें वापस लेने की मांग की है। विरोध मार्च के बाद कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन के दौरान आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार ने महज 11 दिनों के भीतर पेट्रोल में ₹7.55, डीजल में ₹7.15 और सीएनजी में ₹6.00 की अप्रत्याशित वृद्धि कर दी है। इसके चलते मालभाड़ा बढ़ने के साथ ही जरूरी वस्तुओं के दाम आसमान छू रहे हैं। गरीब और मध्यम वर्ग का जीना दुश्वार हो गया है। खेती की लागत बेतहाशा बढ़ने से कृषि अब घाटे का सौदा बन गई है और किसान कर्ज के दलदल में फंस रहे हैं।
विदेश नीति फेल, जनता भुगत रही खमियाजा
भाकपा जिला सचिव पूरन सिंह ने आरोप लगाया कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल सस्ता था, तब तेल कंपनियों ने इसका लाभ उपभोक्ताओं को नहीं दिया। सरकार की गलत विदेश नीतियों और दबाव में काम करने का खामियाजा आम जनता को महंगाई के रूप में भुगतना पड़ रहा है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि नीट परीक्षा के पेपर लीक की बार-बार हो रही पुनरावृत्ति केंद्रीय शिक्षा मंत्री की विफलता का जीता-जागता उदाहरण है। भाकपा ने शिक्षा मंत्री को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की है।
इस दौरान ओमप्रकाश, मोहन सिंह जादूगर, किसान सभा के जिलाध्यक्ष भीकम सिंह कुशवाहा और जिला मंत्री पूरन सिंह यादव मौजूद रहे। हरिविलास दीक्षित, शरीफ खां, ताराचंद, लक्ष्मीनारायन शर्मा, नीरज मिश्रा, धरमजीत सिंह, पूरन चंद एडवोकेट आदि ने भी विचार रखे।
