इटावा। जिला अस्पताल में इन दिनों वायरल बुखार से पीड़ित मरीजों की प्रतिदिन लंबी लाइन लग रही हैं। बुखार पीड़ितों की डेंगू, मलेरिया एवं टाइफाइड की जांच कराई जा रही है। सितंबर-अक्तूबर में 1756 लोगों की जांच में डेंगू के 152 एवं टाइफाइड 56 मरीजों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। वहीं, मलेरिया की 832 मरीजों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है।
पिछले काफी समय से जिले में वायरल बुखार का प्रकोप बना हुआ हैं। मरीज जिला अस्पताल से लेकर अन्य सरकारी चिकित्सालयों एवं निजी अस्पतालों में उपचार कराने पहुंच रहे हैं। जिला अस्पताल में प्रतिदिन 150 के करीब मरीज बुखार के आ रहे हैं। इनमें प्रतिदिन दो से पांच मरीजों की डेंगू व टाइफाइड रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही हैं, जबकि जिला अस्पताल में अभी तक हुई जांच में एक भी मरीज की मलेरिया की रिपोर्ट पॉजिटिव नहीं आई हैं।
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. अजय शर्मा ने बताया कि लक्षण के आधार पर मरीजों को ब्लड जांच कराने की सलाह दी जाती है। जांच रिपोर्ट आने के बाद उन्हें दवा व आराम करने की सलाह दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस समय वायरल तीन से पांच दिन में ठीक हो रहा है।
सीएमएस डॉ. पारितोष शुक्ला ने बताया कि प्रतिदिन बुखार पीड़ित मरीजों की ब्लड जांच कराई जाती हैं। डेंगू व टाइफाइड पॉजिटिव मरीज प्रतिदिन आ रहे हैं। अभी तक किसी भी मरीज में मलेरिया की पुष्टि नहीं हुई है।
डेंगू-टाइफाइड के प्रमुख लक्षण
-बुखार धीरे-धीरे बढ़ता है और बुखार 103 से लेकर 104 डिग्री तक पहुंच जाता है।
-सिर में तेज दर्द होना, मांसपेशियों और जोड़ों में जकड़न व दर्द महसूस होना।
-बिना ज्यादा काम किए भी शरीर में बहुत ज्यादा ढीलापन और सुस्ती रहती है।
-कुछ मरीजों की छाती और पेट पर हल्के गुलाबी रंग के छोटे-छोटे दाने या चकत्ते निकल आते हैं।
-संक्रमण की शुरुआत में सूखी खांसी की शिकायत हो सकती है।
-जीभ के ऊपर सफेद रंग की मोटी परत जम जाती है।
बचाव के लिए क्या करें
-पानी को कम से कम एक मिनट तक उबालकर ही पानी पीएं।
-बासी या लंबे समय से खुला रखा खाना खाने से बचें।
-खुले स्थानों पर बिकने वाले कटे हुए फल और बिना ढके खाद्य पदार्थों का सेवन न करें।
-अनजान जगहों पर बिकने वाली बर्फ या उससे बने पेय पदार्थों से खाने से बचें।
-खाना खाने या पकाने से पहले हाथों को अच्छी से धोएं।
-घर और आसपास स्वच्छता बनाए रखें।

