{“_id”:”670da34682c5746e8b0badb8″,”slug”:”gangster-jailed-for-three-years-fined-rs-5000-also-imposed-jhansi-news-c-11-jhs1009-413276-2024-10-15″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”Jhansi News: गैंगस्टर को तीन साल की जेल, पांच हजार अर्थदंड भी लगाया”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। संगीन वारदातों को अंजाम देकर लोगों में भय व आतंक व्याप्त करने का आरोप सिद्ध होने पर विशेष न्यायाधीश (गिरोहबंद अधिनियम) विजय कुमार वर्मा प्रथम की अदालत ने अभियुक्त को तीन साल के कारावास की सजा सुनाई। इसके अलावा पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। न्यायालय ने 21 साल पुराने मामले में फैसला सुनाया।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सूर्य प्रकाश पाठक ने बताया कि उप निरीक्षक आरएन सिंह द्वारा 26 जनवरी 2003 को थाना टहरौली में सूचना दी गयी थी कि पुलिस टीम के साथ गश्त के दौरान ग्राम पिपरा में जानकारी मिली कि गांव के टीकाराम का एक संगठित गिरोह है। गैंग लीडर टीकाराम तथा गैंग के सदस्य मातादीन व सुरेश ढीमर का आस-पास के क्षेत्रों में आतंक व्याप्त है। अपराध में लिप्त गिरोह द्वारा जघन्य प्राणघातक हमला व अपहरण जैसी विभिन्न वारदातों से क्षेत्रवासी खौफजदा हैं। जिनके खिलाफ गुंडा एक्ट सहित कई मुकदमे दर्ज हैं। विभिन्न आपराधिक वारदातों का हवाला देते हुए थाना टहरौली में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर, विवेचना उपरान्त गैंग लीडर टीकाराम के साथ मातादीन व सुरेश के विरूद्ध आरोपपत्र न्यायालय में पेश किया गया था। मुकदमा के दौरान अभियुक्त मातादीन एवं सुरेश की मौत हो जाने के कारण न्यायालय द्वारा 21 वर्षों बाद अभियुक्त टीकाराम के विरुद्ध मामले की सुनवाई करते हुए आरोप सिद्ध होने पर तीन वर्ष के कारावास तथा 5,000 रूपये अर्थदंड से दंडित किया गया।
