गोपामऊ नगर पंचायत के अध्यक्ष और उनके समधी समेत चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (कोर्ट संख्या-4) ने दिए हैं। पद का दुरुपयोग करते हुए दो कीमती दुकानों के स्वामित्व को लेकर फर्जी अभिलेख जारी करने और बाद में इन दुकानों का बैनामा समधी के नाम करा लेने का आरोप नगर पंचायत अध्यक्ष पर है।
मुरादाबाद निवासी मोहम्मद दबीर अहमद ने न्यायालय में वाद दर्ज कराया था। इसमें बताया था कि उनके नाना नवाब नाजिर हुसैन ने जीवन काल में दो निकाह किए थे। नाना गोपामऊ के नवाब थे। यहां उनकी काफी संपत्तियां हैं। दावा किया था कि उनके यहां न रहने का लाभ उठाते हुए उनके स्वामित्व वाली दो दुकानों का मालिकाना हक गोपामऊ नगर के बंजारा निवासी शहनवाज और उनके भाई जीशान खां के नाम दर्शा दिया।
फर्जीवाड़ा कर नगर पालिका से स्वामित्व संबंधी रसीदें भी जारी करा दीं। बाद में इन्हीं दोनों से उक्त दुकानों का बैनामा अपने समधी गोपामऊ के लालपीर निवासी निजामुद्दीन को नगर पंचायत अध्यक्ष वली उल्लाह ने करा दिया। दावा है कि पूरे फर्जीवाड़े की शिकायत टड़ियावां थाने में की थी, लेकिन तब पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज नहीं की। इस पर दबीर अहमद ने न्यायालय में वाद दज्र कराया। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट संख्या चार रिचा शर्मा ने चारों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश दिए हैं। टड़ियावां के प्रभारी निरीक्षक इख्तियार हुसैन ने बताया कि न्यायालय के आदेश की प्रति मिल गई है। प्राथमिकी दर्ज की जा रही है।
