ग्राम पंचायत बौड़ा स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय की मध्याह्न भोजन निधि में दो लाख रुपये के गबन के आरोप में विद्यालय के तत्कालीन प्रधानाध्यापक के खिलाफ मऊरानीपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। ग्राम प्रधान की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
ग्राम पंचायत बौड़ा की ग्राम प्रधान सीमा सिंह ने मऊरानीपुर थाने में प्रार्थना पत्र दिया, जिसके जरिये बताया कि पूर्व माध्यमिक विद्यालय बौड़ा में तैनात तत्कालीन इंचार्ज प्रधानाध्यापक गोविंददास आर्य ने छह नवंबर 2025 को विद्यालय के लिए बर्तन, गैस चूल्हा आदि सामान खरीदने के लिए 15 हजार रुपये का चेक बनाया था। हस्ताक्षर कर सील लगाने के बाद उन्होंने चेक इंचार्ज प्रधानाध्यापक को दे दी थी। प्रधानाध्यापक ने धोखाधड़ी करते हुए चेक की राशि 15 हजार की जगह 2.15 लाख रुपये कर दी और पीएनबी मऊरानीपुर शाखा से मध्याह्न भोजन निधि से रकम निकाल ली। बैंक स्टेटमेंट चेक करने पर इसकी जानकारी हुई।
ग्राम प्रधान का आरोप है कि जब उन्होंने आरोपी पूर्व प्रधानाध्यापक से पैसों के संबंध में बात की तो वे टालमटोल करने लगे। इसके बाद उन्होंने फर्जी मुकदमे में फंसवाकर जेल भिजवाने की धमकी भी दी। शिकायत पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक व शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने भी मामले की जांच कराई। इस संबंध में मऊरानीपुर थाने के प्रभारी निरीक्षक मुकेश कुमार सोलंकी ने बताया कि आरोपी पूर्व प्रधानाध्यापक के विरुद्ध गबन के आरोप में प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
