प्लेटफार्म पर लावारिस हालत में मिले किशोर को जीआरपी ने बरामद कर शनिवार सुबह परिजनों को सौंप दिया। किशोर ने पुलिस को बताया कि उसे ललितपुर से 8 जुलाई को दो युवक बहाने से मथुरा ले गए थे। जब उसे परिजनों की याद आई तो युवकों को चकमा देकर झांसी आ गया। परिजनों ने किशोर की लापता होने की शिकायत ललितपुर कोतवाली में दर्ज करा दी थी।
ललितपुर कोतवाली थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर एक नेहरू नगर में रहने वाले शहीद खान मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करता है। शहीद का 15 साल का बेटा 8 जुलाई की शाम घर के बाहर खेलते हुए लापता हो गया था। काफी खोजबीन के बाद परिजनों ने कोतवाली में शिकायत की थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया। इधर शनिवार सुबह लावारिस हालत में घूम रहे किशोर को प्लेटफार्म मौजूद टीटीई रमेश ने देखा तो उससे टिकट व परिजनों के बारे में जानकारी ली। बच्चा रोने लगा। टीटीई ने फोन से परिजनों से बात कराई। जब परिजनों ने बताया कि किशोर के अपहरण का मामला कोतवाली थाने में दर्ज है, तो टीटीई ने बच्चे को जीआरपी के सुपुर्द कर दिया। लावारिस हालत में जीआरपी ने किशोर से पूछताछ कर परिजनों को जीआरपी थाने बुलाया। परिजनाें के आने पर बच्चे को उनके सुपुर्द कर दिया। जीआरपी प्रभारी रावेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि लावारिस हालत में घूम रहे बच्चे को परिजनों को सौंप दिया गया है। वहीं ललितपुर कोतवाली पुलिस ने किशोर को चाइल्ड लाइन के सुपुर्द कर दिया है।
