राजधानी लखनऊ में पीजीआई थाना क्षेत्र के तेलीबाग से 21 मई को लापता 21 वर्षीय युवती का पुलिस 20 दिन बाद भी पता नहीं लगा सकी है। उसके पिता पीजीआई संस्थान के कर्मचारी हैं। बेटी के पता न लगने से दुखी होकर पीड़ित पिता मंगलवार को पीजीआई थाने पहुंचे। वह भावुक हो कर रो पड़े। जल्द से जल्द बेटी को खोज निकलाने की मांग करने लगे। उन्होंने अशांका जताई कि बेटी का धर्मांतरण करा दिया गया है।
पिता ने बताया कि इरशाद अली उनकी बेटी को अपने साथी ले गया। उन्होंने 22 मई को आरोपी के खिलाफ पीजीआई थाने में केस दर्ज कराया था। उनका आरोप है कि एक साल से इरशाद बेटी को परेशान कर रहा था। उन्होंने कई बार पुलिस से शिकायत की थी, मगर कार्रवाई नहीं हुई।
इरशाद पर बेटी को सीरिया ले जाने की साजिश रचने का आरोप
पिता ने इंस्पेक्टर धीरेंद्र सिंह से कहा कि सोशल मीडिया के जरिये उन्हें जानकारी मिली है कि आरोपी बेटी का धर्मांतरण कराकर उससे निकाह करने की तैयारी कर रहा है। आरोपी ने बेटी को सीरिया ले जाने की साजिश भी रची है। यदि जल्द ही कार्रवाई नहीं हुई तो बेटी उनके हाथों से बहुत दूर चली जाएगी।
वहीं, पीजीआई नर्सिंग एसोसिएशन भी परिवार के समर्थन में सामने आया और पुलिस से जल्द कार्रवाई की मांग की। इस दौरान एसोसिएशन की अध्यक्ष लता सचान, महामंत्री विवेक, सचिव मनोज वर्मा, मंजू लता समेत कई कर्मचारी थाने पहुंचे। थाना परिसर में एसीपी रिषभ यादव ने पिता से मिलकर उन्हें बेटी को खोज निकालने का आश्वासन दिया।
इंस्पेक्टर धीरेंद्र सिंह के अनुसार, मामले की जांच एटीएस समेत कई स्तरों पर की जा रही है। दिल्ली, मुरादाबाद और शाहजहांपुर सहित विभिन्न जिलों में पुलिस टीमें भेजी गई हैं। सोशल मीडिया पर सीरिया और धर्मांतरण को लेकर चल रही चर्चाओं की भी जांच की गई है। फिलहाल ऐसी सूचनाओं की पुष्टि नहीं हुई है।
