वृंदावन में जिला प्रशासन और नाविकों के बीच रविवार को सहमति बन गई है। नगर के केसी घाट पर नगर निगम ने पहले दिन दोपहर तक 22 नाव एवं मोटर बोट का रजिस्ट्रेशन किया है। सोमवार से नगर के सभी घाटों पर नाव एवं मोटर बोट का संचालन किया जाएगा। 10 अप्रैल को नाव डूबने की घटना के बाद से यमुना में नावों का संचालन बंद था।
डीएम सीपी सिंह एवं एसएसपी श्लोक कुमार अधीनस्थों के साथ केसीघाट पहुंचे। यहां उन्होंने नाविकों से उनकी समस्या सुनी और उनका जल्द ही समाधान करने का आश्वासन दिया। इस पर नाविकों ने आंदोलन स्थगित कर सोमवार से नावों के संचालन शुरू करने की बात कही। वहीं नगर निगम द्वारा केसी घाट पर शिविर नावों का रजिस्ट्रेशन किया गया।
पहले दिन 22 नाविकों ने नाव एवं मोटर बोट के रजिस्ट्रेशन कराए। नाव का पांच सौ रुपये और मोटरबोट का 1500 रुपये रजिस्ट्रेशन शुल्क जमा किया गया। वृंदावन के घाटों पर 23 दिन के बाद नावों का संचालन शुरू होने जा रहा है। यहां प्रतिदिन लगभग पांच से सात हजार श्रद्धालु यमुना के घाटों का नजारा देखने और नौकायन करने आते हैं।
डीएम सीपी सिंह ने कहा कि यहां भगवान कृष्ण की नगरी में आस्था लेकर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा हम सभी की जिम्मेदारी है। इसे मानते हुए सुरक्षा के सभी इंतजाम करते हुए नाव का संचालन किया जाएगा। लाइफ सेफ्टी जैकेट पहनकर ही श्रद्धालु नाव में बैंठेंगे। 15 से ज्यादा यात्री नाव में नहीं बैठेंगे। सुरक्षा मानकों के अनुसार ही नाव का संचालन किया जाएगा। एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे। रिवर पुलिस चौकी के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। शासन से स्वीकृति मिलते ही रिवर पुलिस चौकी स्थापित की जाएगी।
