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संभल शिव मंदिर में पूजा करते लोग
– फोटो : संवाद
संभल के खग्गू सराय स्थित प्राचीन शिव मंदिर पर सुबह-शाम आरती की जा रही है। दिनभर श्रद्धालु दर्शन और पूजा पाठ करने के लिए पहुंच रहे हैं। शनिवार की शाम मंदिर परिसर में भंडारे का आयोजन किया गया। काफी संख्या में लोग शामिल हुए। मोहल्ला खग्गू सराय स्थित प्राचीन शिव मंदिर बीते शनिवार को 46 वर्ष बाद खोला गया था। मंदिर की जानकारी के लिए कार्बन डेटिंग होनी है।

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खग्गू सराय में मिले शिव मंदिर में पूजा करते लोग
– फोटो : संवाद
एएसआई की टीम ने नमूना शुक्रवार को लिया था। अब रिपोर्ट आने के बाद तय हो जाएगा कि शिव मंदिर किस समय का स्थापित है। लोगों का मानना है कि यह कार्तिकेय महादेव मंदिर है लेकिन कार्बन डेटिंग के बाद इसकी सही जानकारी सामने आ सकेगी। इस मंदिर को 1978 के बाद बंद कर दिया गया था।

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संभल मंदिर
– फोटो : संवाद
46 वर्ष बाद ताला खुला है। इस जानकारी के बाद श्रद्धालुओं में उत्साह है। इसी के चलते दिनभर भीड़ जमा रहती है। वहीं, दूसरी ओर सरायतरीन के मोहल्ला कछवायन में 32 वर्ष बाद खोले गए राधा कृष्ण मंदिर पर भी श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है।

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संभल में सर्वे करती एएसआई की टीम
– फोटो : संवाद
चंदौसी में बांके बिहारी मंदिर के बाद मिली बावड़ी
चंदौसी के मुस्लिम बहुल मोहल्ले लक्ष्मण गंज में खंडहरनुमा प्राचीन बांके बिहारी मंदिर मिलने के बाद अब एक खाली प्लॉट में बावड़ी मिली है। सनातन सेवक संघ के पदाधिकारियों की मांग पर डीएम के आदेश पर एडीएम न्यायिक और तहसीलदार ने शनिवार की दोपहर को जेसीबी से खोदाई शुरू करा दी। खोदाई में बावड़ी की दीवारें नजर आईं।

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संभल शिव मंदिर में पूजा शुरू
– फोटो : अमर उजाला
रात होने पर खोदाई रोक दी गई है। मोहल्ला लक्ष्मण गंज में 17 दिसंबर को खंडहरनुमा प्राचीन बांके बिहारी मंदिर मिला था। सनातन सेवक संघ के प्रांत प्रचार प्रमुख कौशल किशोर वंदेमातरम ने शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम राजेंद्र पैंसिया को पत्र दिया। जिसमें लक्ष्मण गंज में मंदिर के अलावा बावड़ी होने का दावा करते हुए उसके सौंदर्यीकरण की मांग की।
