मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने रविवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सीएचसी में सफाई व्यवस्था में कमी मिलने पर सीएमओ ने नाराजगी जताई।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि उनका उद्देश्य अस्पताल में मिल रही आकस्मिक सेवाओं, प्रसव सेवाओं व नवजात शिशुओं की देखभाल की स्थिति को परखना था। अस्पताल में आपातकालीन व्यवस्था संतोषजनक पाई गई। कुछ महीनों में अस्पताल में सिजेरियन प्रसव के मामलों में भी बढ़ोतरी हुई है, जो अच्छा संकेत है। उन्होंने कहा कि सीएचसी स्तर पर जितनी सुविधाएं होनी चाहिए, वह यहां उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि आपातकालीन प्रबंधन ठीक ढंग से काम कर रहा है। कुछ गंभीर मामलों में मरीजों की जान बचाने को उन्हें जिला अस्पताल या मेडिकल कॉलेज रेफर करना स्वास्थ्य प्रणाली की एक सामान्य प्रक्रिया है।
मुआयने में अस्पताल में सफाई व्यवस्था को लेकर कुछ कमी मिली, इस पर सीएमओ ने नाराज होते हुए कहा कि सफाई कर्मियों की कमी को दूर करने के लिए अधिशासी अधिकारी व खंड विकास अधिकारी से संपर्क कर सफाईकर्मी तैनात होंगे। उन्होंने बताया कि इस संबंध में शासन को भी पत्राचार किया जा चुका है।
समाजसेवी राजेंद्र राहुल व जनप्रतिनिधियों की मांग पर संज्ञान लेते हुए सीएमओ ने एक बड़ा आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि मऊरानीपुर पोस्टमार्टम हाउस को बेहतर बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग के माध्यम से एक जीर्णोद्धार प्रस्ताव तैयार कर शासन को बजट के लिए भेजा गया है। इसके साथ ही शवों को सुरक्षित रखने हेतु मऊरानीपुर के लिए 4 नए फ्रीजर की मांग की गई है, जो जल्द ही अस्पताल को मिल जाएंगे। इस दौरान संत रामदास ब्रह्मचारी के साथ सीएमओ ने पौधरोपण किया। इस मौके पर चिकित्साधीक्षक डॉ आरजे सिंह, डॉ. रामपाल, डॉ. जोगेंद्र पटेल, संजीव वर्मा आदि मौजूद रहे।
निरीक्षण के बाद जानकारी देते सीएमओ…
