पूर्व प्रधान का सनसनीखेज आरोप—”फार्महाउस ले जाकर पीटा, जूतों की माला पहनाकर किया अपमान”, न्याय न मिला तो आत्मदाह की चेतावनी
जालौन में एक पूर्व प्रधान द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों ने जिले की राजनीति और प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है। पूर्व प्रधान का आरोप है कि 19 जुलाई को शोक संवेदना व्यक्त कर लौटते समय कुछ लोगों ने उनका रास्ता रोककर कथित रूप से मारपीट की, उनका मोबाइल, सोने की चेन, अंगूठी और नकदी छीन ली।
पूर्व प्रधान का दावा है कि इसके बाद उन्हें कथित रूप से जबरन एक फार्महाउस ले जाया गया, जहां उनके साथ दोबारा मारपीट की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें जूतों की माला पहनाकर सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया, उनके साथ अमानवीय व्यवहार किया गया और घटना का वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी दी गई।
पूर्व प्रधान का कहना है कि यह पूरा घटनाक्रम जुगनू पंचायत में उनके विरोध का बदला लेने के उद्देश्य से किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें सामाजिक और राजनीतिक रूप से अपमानित करने की नीयत से निशाना बनाया गया।
इस बीच, मामले से जुड़ा एक कथित ऑडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। दावा किया जा रहा है कि उसमें अभद्र भाषा और धमकी जैसी बातें सुनाई देती हैं। हालांकि, ऑडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में इसकी फोरेंसिक जांच कराकर सच्चाई सामने लाने की मांग उठ रही है।
पूर्व प्रधान ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच, परिवार की सुरक्षा और आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला, तो वे आत्मदाह जैसा कठोर कदम उठाने के लिए मजबूर होंगे।
अब पूरे जिले की नजर 25 जुलाई को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित उरई दौरे पर है। ऐसे में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस मामले में न्याय की मांग कर रहे लोग अपनी आवाज प्रशासन तक सीमित रखते हैं या लोकतांत्रिक तरीके से मुख्यमंत्री तक भी अपनी बात पहुंचाने का प्रयास करते हैं।
