उत्तर प्रदेश में फिर से मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है। माैसम विभाग का कहना है कि रविवार से यूपी में मानसूनी गतिविधियां पूर्वी-तराई जिलों तक सिमट कर रह गई हैं। सोमवार के लिए तराई के कुशीनगर, महराजगंज, सिद्धार्थ नगर समेत सात जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है।
रविवार को पूर्वांचल के गोरखपुर में सर्वाधिक 168 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा तराई के बहराइच में 129 मिमी, अंबेडकर नगर में 125 मिमी और संतकबीर नगर में 109.6 मिमी वर्षा दर्ज हुई। मध्यांचल और बाकी हिस्सों में तेज धूप खिली और उमस भरी गर्मी ने लोगों को बेहाल किया।
क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में बना अवदाब अब कमजोर हो गया है। यही वजह है कि अगले चार- पांच दिनों तक प्रदेश के पश्चिमी जिलों और मध्यांचल में बारिश में ठहराव आएगा। हालांकि कहीं-कहीं हल्की से मध्यम और छिटपुट बारिश की संभावना बनी रहेगी। इस दौरान प्रदेश के औसत तापमान में करीब पांच डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होगीऔर उमस भरी गर्मी दोबारा सिर उठाएगी।
रविवार को पूर्वांचल के गोरखपुर में सर्वाधिक 168 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा तराई के बहराइच में 129 मिमी, अंबेडकर नगर में 125 मिमी और संतकबीर नगर में 109.6 मिमी वर्षा दर्ज हुई। मौसम विभाग का कहना है कि पूर्वी तराई में फिलहाल बारिश का दौर जारी रहेगा, जबकि प्रदेश के अन्य हिस्सों में कुछ दिनों तक मानसून अपेक्षाकृत कमजोर रहने के आसार हैं।
